धारचूला (पिथौरागढ़)। राज्य आंदोलनकारियों के चिन्हीकरण की मांग को लेकर उत्तराखंड क्रांति दल ने अब चार मार्च से क्रमिक अनशन को आमरण अनशन में बदलने का ऐलान किया है। शनिवार को भी क्रमिक अनशन जारी रहा। शनिवार को क्रमिक अनशन पर महिलाएं बैठीं।
उक्रांद के वरिष्ठ नेता रमेश थलाल ने कहा कि होली के तुरंत बाद आमरण अनशन शुरू किया जाएगा। राज्य आंदोलनकारी दीवान सिंह गुंज्याल ने कहा कि इस प्रदेश में आंदोलनकारियों के चिन्हीकरण के मामले में मनमानी हुई है। उन्होंने चिन्हीकरण के लिए आवेदन करने की तिथि बढ़ाने की मांग की। उक्रांद के वरिष्ठ नेता काशी सिंह ऐरी ने चिन्हीकरण के इस आंदोलन का शुभारंभ कराया था।
छठे दिन क्रमिक अनशन पर विमला सिर्खाल, आनंदी देवी, तुलसी मेहरा, मानमती देवी, कुंती देवी, हीरा सिंह, हंसा देवी, हरना देवी, किशन सिंह, महेंद्र सिर्खाल, खीम सिंह, रवींद्र तितियाल बैठे। वहीं, जिला मुख्यालय में उक्रांद की बैठक में जिलाध्यक्ष चंद्रशेखर पुनेड़ा ने कहा कि चिन्हीकरण की मांग को लेकर चलाए जा रहे आंदोलन को पूरा समर्थन दिया जाएगा। जिला मुख्यालय से भी कई कार्यकर्ता आंदोलन में शिरकत करेंगे।