पिथौरागढ़। प्रवेश के लिए अंकों की बाध्यता करने से नाराज एनएसयूआई, आइसा, आर्यन ग्रुप और छात्रसंघ के पूर्व पदाधिकारियों ने बृहस्पतिवार को एलएसएम राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय में तालाबंदी कर दी। छात्र संगठनों ने महाविद्यालय में मुख्य भवन के सामने प्रदर्शन करते हुए उच्च शिक्षा मंत्री और कुलपति के खिलाफ नारेबाजी की।
कॉलेज में कई विद्यार्थियों को प्रवेश नहीं मिलने से छात्रों का आंदोलन और भड़क गया है। प्रवेश से वंचित विद्यार्थियों को विभिन्न संगठनों के साथ छात्रसंघ के पूर्व पदाधिकारियों का भी समर्थन मिलने लगा है। विश्वविद्यालय पर विद्यार्थियों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने का आरोप लगाते हुए आंदोलित छात्रों ने महाविद्यालय के सभी शैक्षिक और गैर शैक्षिक कार्यों को बंद करा दिया। आंदोलित छात्रों ने मुख्य भवन के सामने सभा की।
अध्यक्षता करते हुए छात्र नेता करन खाती ने कहा कि विद्यार्थियों के परीक्षा पास करने के बावजूद उन्हें महाविद्यालय में प्रवेश नहीं दिया जाना गलत है। छात्रसंघ के पूर्व अध्यक्ष हेमंत खाती ने कहा कि जब तक 40 प्रतिशत तक अंक प्राप्त किए विद्यार्थियों को प्रवेश नहीं दिया जाएगा, तब तक आंदोलन चलता रहेगा। संचालन करते हुए छात्रसंघ के पूर्व अध्यक्ष जगदीश धामी ने उच्च शिक्षा मंत्री से शासनादेश जारी कर पूर्व की भांति सभी विद्यार्थियों को प्रवेश देने की मांग की। विरोध-प्रदर्शन में अमित सामंत, चंचल बोरा, कमलेश कसन्याल, विरेंद्र कन्याल, अभिषेक कोहली, अभिषेक बोरा, इमेश सामंत, अरविंद बिष्ट आदि छात्र शामिल थे।