शराब ठेके के खिलाफ महिलाओं का क्रमिक अनशन 22वें दिन भी जारी
दोषियों पर अविलंब कानूनी कार्रवाई करने की उठाई मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
देवप्रयाग। तीर्थनगरी में शराब की दुकान के विरोध में महिलाओं का संघर्ष लगातार जारी है। रविवार को उनका क्रमिक अनशन 22वें दिन में प्रवेश कर गया। इस बीच आंदोलन को कमजोर करने के लिए शराब कारोबारियों की शह पर महिलाओं पर फब्तियां कसने और गाली-गलौज किए जाने की घटनाओं से क्षेत्रवासियों में आक्रोश है। आंदोलन का नेतृत्व कर रही जिला पंचायत सदस्य पुष्पा रावत ने पुलिस अधीक्षक टिहरी श्वेता चौबे को पत्र लिखकर महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने और दोषियों पर अविलंब कानूनी कार्रवाई करने की मांग की।
पुष्पा रावत ने आरोप लगाया कि शराब ठेकेदार गौरव डोभाल और उसके कर्मचारी आंदोलन को तोड़ने के लिए अनैतिक हथकंडे अपना रहे हैं। अनशन स्थल के समीप रहने वाली महिलाओं और राहगीरों पर शराबी फब्तियां कस रहे हैं और अशोभनीय हरकतें की जा रही हैं। सार्वजनिक वाहनों और रास्तों पर खुलेआम शराब पीकर महिलाओं पर सिगरेट का धुआं छोड़ने जैसी शिकायतें भी सामने आई हैं। आंदोलनकारियों कहा कि पुलिस प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए तो सक्रिय रहती है लेकिन हुड़दंगियों और सार्वजनिक स्थानों पर मांस-मदिरा का सेवन करने वालों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं कर रही है। उन्होंने महिलाओं की सुरक्षा के लिए क्षेत्र में तत्काल सीसीटीवी कैमरे लगाने और कर्तव्य में लापरवाही बरतने वाले पुलिसकर्मियों को दंडित करने की मांग की। मांगपत्र पर जिला पंचायत सदस्य पुष्पा रावत, क्षेत्र पंचायत सदस्य सीताराम रणाकोटी सहित जगदंबा देवी, ऊषा देवी, सुनीता देवी, विमला, शाकम्बरी भवानी, प्रतिमा कैलाशी, सुआ देवी, भड्डू देवी, सरस्वती, सुरेखी और कमला आदि के हस्ताक्षर हैं।