पौड़ी। तहसील पौड़ी के असवालस्यूं पट्टी स्थित एक गांव में ग्रामीण की हत्या कर दी गई। घटना के पीछे चुनावी रंजिश बताई जा रही है। हालांकि राजस्व पुलिस इसे मारपीट से जुड़ा मामला बता रही है। मृतक के भाई ने गांव के ही एक व्यक्ति पर हत्या का आरोप लगाते हुए राजस्व पुलिस को नामजद तहरीर सौंप दी है। फॉरेंसिक टीम घटनास्थल की जांच को पहुंच चुकी है।
राजस्व पुलिस से मिली जानकारी के अनुुसार तहसील पौड़ी के असवालस्यूं पट्टी स्थित डुंक गांव में बुधवार रात किसी ग्रामीण के सेवानिवृत्ति पर पार्टी का आयोजन किया गया था। कार्यक्रम गांव के पंचायतघर में संपन्न हुआ। इसके बाद ग्रामीण अपने-अपने घरों को चले गए, लेकिन पांच ग्रामीण पंचायत घर में ही रुक गए। इनमें दो लोगों के बीच नशे की हालत में कहासुनी शुरू हो गई। इसके बाद अन्य तीन लोग भी चले गए। ग्रामीण मेहरबान सिंह रात भी घर नहीं लौटा। अगले दिन बृहस्पतिवार सुबह उसकी खोजबीन की जा रही थी, तभी ग्रामीण मेहरबान सिंह का शव पंचायतघर के समीप बने कंपोस्ट पिट में पड़ा मिला। घटना की सूचना के बाद राजस्व पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लिया। शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला चिकित्सालय पौड़ी भेज दिया गया है। मामले में मृतक के भाई तीरथ सिंह ने एक ग्रामीण के खिलाफ राजस्व पुलिस को नामजद तहरीर दी है।
ग्रामीणों के मुताबिक मृतक और आरोपी की पत्नियां प्रधान पद पर दावेदारी कर रही थीं। दोनों के बीच विवाद का कारण भी यही माना जा रहा है। हालांकि राजस्व पुलिस मामले में साफतौर पर कुछ भी नहीं कह पा रही है। नायब तहसीलदार पौड़ी रामपाल सिंह रावत ने बताया है कि ग्रामीण मेहरबान सिंह (46) पुत्र बालम सिंह और गांव के ही अरविंद सिंह के बीच किसी बात को लेकर विवाद हो गया। आरोप है कि अरविंद ने मेहरबान सिंह पर लाठी से प्रहार कर उसकी हत्या कर दी। मेहरबान सिंह का शव आयोजन स्थल के पास ही बने कंपोस्ट पिट से बरामद किया गया। राजस्व उपनिरीक्षक विपिन कुमार ने मामले की जांच शुरू कर दी है। जल्द ही मुकदमा दर्ज कर लिया जाएगा।