केमिस्ट एसोसिएशन के दबाव में जिला उद्योग व्यापार संघ नशीली दवाओं को बेचने की शिकायत से पीछे हट गया है। संगठन ने लिखित माफीनामा देते हुए कहा कि दवाओं की गलत जानकारी और गलतीफहमी की वजह से उन्होंने शिकायत की।
पिछले दिनों जिला उद्योग व्यापार संघ ने राज्य औषधि नियंत्रक को ज्ञापन भेजते हुए क्षेत्र के कतिपय मेडिकल स्टोर संचालकों पर डॉक्टरों के पर्चे के बिना नशीली दवा बेचने का आरोप लगाया था। संघ की शिकायत से केमिस्ट एसोसिएशन का पारा चढ़ गया। एसोसिएशन ने शुक्रवार देर शाम आपातकालीन बैठक बुलाते हुए संघ के जिलाध्यक्ष वासुदेव कंडारी और मीडिया प्रभारी दिनेश पंवार को बुलाया। जहां दोनों पदाधिकारियों ने माफी मांग ली।
एसोसिएशन के अध्यक्ष नरेश नौटियाल ने कहा कि यदि किसी व्यक्तिगत केमिस्ट से शिकायत थी या उस पर संदेह था तो पहले मसले को एसोसिएशन के सामने रखा जाता और शिकायत सही पाने पर एसोसिएशन खुद ही संबंधित केमिस्ट को निष्कासित करते हुुए नियमानुसार कार्रवाई करती है।
इधर, व्यापार संघ अध्यक्ष कंडारी का कहना है कि उनका मकसद किसी को बदनाम करने का नहीं था लेकिन कुछ विक्रेता नशीली दवा बेच रहे हैं। इसी प्रकरण की शिकायत की गई थी।