कोटद्वार। पोखड़ा ब्लॉक के गुलदार प्रभावित बगड़ी, मटगल और अलखेतू गांवों में हमलों का सिलसिला थम नहीं रहा है। शनिवार सुबह बगड़ीधार में शादी समारोह के लिए चूल्हा तैयार कर रहे कारीगर प्रदीप पर गुलदार ने हमला करने का प्रयास किया। प्रदीप के शोर मचाने पर ग्रामीण मौके पर पहुंचे, जिसके बाद गुलदार भाग गया। इसी दिन मटगल गांव में कमलेश कुमार की बेटी करीना (18) पर भी गुलदार ने हमला किया। करीना ने साहस दिखाते हुए एक भेड़ को उसकी ओर धकेला और शोर मचा दिया, जिससे ग्रामीण दौड़ पड़े। गुलदार ने करीना को छोड़कर भेड़ को मार डाला। अलखेतू गांव में सीमा देवी पत्नी पवन सिंह तथा खेत की सिंचाई को जा रही अनीता देवी पत्नी बीरेंद्र सिंह पर भी गुलदार ने हमला करने का प्रयास किया। ग्रामीणों की चीख-पुकार से वह वहां से भाग खड़ा हुआ। ग्राम प्रधान झलकारी देवी ने बताया कि लगातार हो रहे हमलों से ग्रामीण दहशत में हैं। महिलाएं समूह बनाकर खेतों में जा रही हैं और शाम होते ही लोग घरों में सिमट जा रहे हैं। उधर, पोखड़ा के रेंजर के अनुसार शनिवार को तीसरे दिन भी गुलदार की मूवमेंट दर्ज नहीं हुई, जबकि वनकर्मी लगातार क्षेत्र में गश्त कर रहे हैं।
रेंज कार्यालय पहुंचे कांग्रेसियों ने जताई नाराजगी, सौंपा ज्ञापन
कोटद्वार। पोखड़ा ब्लॉक के गुलदार प्रभावित गांवों में गुलदार के हमले की बढ़ती घटनाओं से आक्रोशित कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने शनिवार को पोखड़ा रेंज कार्यालय पहुंचकर नाराजगी व्यक्त की। शनिवार को एआईसीसी सदस्य राजपाल बिष्ट और पूर्व प्रमुख सुरेंद्र रावत के नेतृत्व में रेंज कार्यालय पोखड़ा पहुंचे कांग्रेसियों ने जमकर नाराजगी जताई। उन्होंने रेंज कार्यालय में उपस्थित वनकर्मी को ज्ञापन सौंपते हुए पकड़े गए गुलदारों की एक सप्ताह में मेडिकल रिपोर्ट सार्वजनिक करने, सभी रेंज कार्यालय में एक-एक ट्रैंकुलाइज एक्सपर्ट तैनात करने, प्रभावित क्षेत्रों में लगातार वनकर्मियों की गश्त करवाने की मांग की है। संवाद