मुख्य कोषागार पौड़ी में 15 लाख से अधिक धनराशि के गबन के आरोपी कर्मचारी लेखा लिपिक नितिन रावत ने न्यायालय में आत्मसमर्पण कर दिया। है। पुलिस ने आरोपी कर्मचारी को अदालत के आदेश पर जिला कारागार खांड्यूसैण भेज दिया है।
मुख्य कोषागार में सेवारत एक लेखा लिपिक नितिन रावत की ओर से पेंशनरों के खातों से 15 लाख से अधिक धनराशि के गबन का मामला जनवरी 2022 के पहले सप्ताह में सामने आया था। सहायक कोषाधिकारी राजेश कुमार की तहरीर पर कोतवाली में आरोपी कर्मचारी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। पुलिस मुकदमा दर्ज करने के बाद से लगातार आरोपी कर्मचारी की तलाश में जगह-जगह दबिश दे रही थी, लेकिन आरोपी कर्मचारी गिरफ्तारी से बचने के लिए निरंतर ठिकाने बदलता जा रहा था। मंगलवार को आरोपी ने न्यायालय में आत्मसमर्पण कर दिया। कोतवाल विनोद गुसाईं ने बताया कि मुख्य कोषागार में गबन के आरोपी कर्मचारी नितिन रावत ने मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट पौड़ी की अदालत में आत्मसमर्पण कर लिया है। अदालत के आदेश पर आरोपी कर्मचारी को जेल भेज दिया गया है।
जांच में जुटी है विभागीय व तीन सदस्यीय टीम
पौड़ी। मुख्य कोषागार पौड़ी व उपकोषागार श्रीनगर में सरकारी धन के गबन मामले में जिलाधिकारी डा. विजय कुमार जोगदंडे ने तीन सदस्यीय जांच टीम गठित की थी। टीम की अध्यक्षता मुख्य विकास अधिकारी कर रहे हैं। वहीं मामले में विभागीय जांच भी चल रही है। संवाद