- पायलट प्रोजेक्ट की सफलता के बाद अन्य ग्राम पंचायतों को भी जोड़ा जाएगा
- डीएम स्वाति एस. भदौरिया ने वितरित किए बुशकटर
पौड़ी। जनपद में आपदा प्रबंधन व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से एक नई पहल शुरू की गई है। पायलट प्रोजेक्ट के तहत आपदा मद से खरीदे गए बुशकटर ग्राम पंचायतों को उपलब्ध कराए जा रहे हैं ताकि बरसात के दौरान झाड़ियों की समयबद्ध सफाई कर आपदा जोखिम को कम किया जा सके।
शुक्रवार को जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने जिला मुख्यालय में आयोजित कार्यक्रम में ग्राम प्रधानों को बुशकटर वितरित किए। उन्होंने बताया कि प्रथम चरण में जनपद की 55 ग्राम पंचायतों को बुशकटर दिए जा रहे हैं। पायलट प्रोजेक्ट के परिणाम और ग्राम प्रधानों से प्राप्त फीडबैक के आधार पर आगामी चरणों में अन्य ग्राम पंचायतों को भी इस योजना से जोड़ा जाएगा। उन्होंने ने कहा कि बरसात के मौसम में सड़कों, संपर्क मार्गों, पैदल रास्तों, सार्वजनिक स्थलों और जल निकासी मार्गों के किनारे झाड़ियां तेजी से बढ़ जाती हैं। इससे आवागमन प्रभावित होने के साथ ही राहत एवं बचाव कार्यों में भी बाधा आती है। समय पर झाड़ियों की कटान से दुर्घटनाओं की आशंका कम होगी और आपदा के समय राहत एवं बचाव कार्य अधिक सुगमता से संचालित किए जा सकेंगे। वहीं, थली गांव की ग्राम प्रधान साधना रावत ने कहा कि आपदा मद से मिला बुशकटर ग्राम पंचायत के लिए बेहद उपयोगी साबित होगा। इससे गांव के आसपास उगी घनी झाड़ियों की नियमित सफाई कर लोगों की आवाजाही सुरक्षित बनाई जा सकेगी। इस अवसर पर जिला पंचायतीराज अधिकारी जितेंद्र कुमार, सहायक जिला पंचायतीराज अधिकारी प्रदीप सुंदरियाल, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी दीपेश काला आदि मौजूद रहे।