देवप्रयाग। बदरीनाथ धाम के मुख्य रावल ईश्वरी प्रसाद नंबूदरी ने देवप्रयाग पहुंचकर संगम पर माघ माह का पुण्य स्नान कर भगवान रघुनाथ और गंगा की पूजा-अर्चना की। उन्होंने कहा कि देवप्रयाग का भगवान रघुनाथ की तपस्थली और गंगा का उद्गम स्थल होने से विशिष्ट महत्व है।
पांडुकेश्वर में चल रहे कुबेर महोत्सव में शिरकत के बाद मुख्य रावल सोमवार को देवप्रयाग पहुंचे। जहां बदरीनाथ धाम तीर्थ पुरोहित समाज ने उनका भव्य स्वागत किया। वसंत पंचमी को बदरीनाथ धाम के कपाट खुलने की तिथि तक वह राज दरबार नरेंद्रनगर में रहेंगे। देवप्रयाग में उन्होंने भागीरथी और अलकनंदा संगम पर मां गंगा का पूजन और स्नान के बाद प्राचीन रघुनाथ मंदिर में पूजा-अर्चना की। पुजारी पं. समीर भट्ट ने उनकी पूजा विधि-विधान के साथ संपन्न करवाई। इस दौरान बदरीश युवा पुरोहित संगठन अध्यक्ष श्रीकांत बडोला, अतुल जागीरदार, प्रकाश ध्यानी, अनूप थपलियाल, रजनीश मोतीवाला, नीरज नौटियाल, मिथलेश पंचभैया आदि मौजूद रहे। संवाद