श्रीनगर। अमर उजाला अपराजिता 100 मिलियन स्माइल्स महाअभियान के तहत भगवती मेमोरियल पब्लिक स्कूल के छात्रों ने जन जागरूकता रैली निकाली। इस दौरान छात्र-छात्राओं ने स्लोगन व नारों के माध्यम से महिला सशक्तिकरण, महिला सुरक्षा व बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ का संदेश भी दिया।
मंगलवार को भगवती मेमोरियल पब्लिक स्कूल के छात्र-छात्राओं ने श्रीकोट गंगानाली में महिला सशक्तिकरण, बेटी पढ़ाओ, बेटी बचाओ रैली निकाली गई। रैली स्कूल परिसर से बेस अस्पताल गेट होते हुए स्कूल लौटी। स्कूल में आयोजित कार्यक्रम में छात्राओं ने कहा कि महिला सशक्तिकरण जैसे अभियान केवल औपचारिकताओं के लिए संचालित किए जा रहे हैं। वास्तविक तौर पर इनका कोई प्रभाव नहीं दिख रहा है। महिलाओं व बालिकाओं के प्रति आज भी समाज में संकीर्ण मानसिकता व्याप्त है, जिससे बलात्कार, कन्या भ्रूण हत्या, दहेज हत्या जैसी घटनाएं आम हो गई हैं। कार्यक्रम में प्रधानाचार्य प्रभा बहुगुणा ने कहा कि बालिकाओं की सुरक्षा पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है। लोगों को महिलाओं के प्रति मानसिकता बदलनी होगी। महिला सशक्तिकरण सरकारी रिपोर्टों से नहीं बल्कि स्वच्छ मानसिकता से होगी। कार्यक्रम में व्यायाम शिक्षक केसर कोटियाल, अजय रावत, हिमांशु रावत, उमेश शुक्ला, आशीष सजवाण आदि ने सहयोग किया।
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बोलीं छात्राएं
आज भी कन्या भ्रूण हत्या व दहेज हत्या जैसी घटनाएं आम हैं। नारी सशक्तिकरण केवल नेताओं के भाषणों व सरकारी रिपोर्टों तक ही सीमित है। कन्या भ्रूण हत्या, दहेज हत्या जैसी कुरीतियों के खिलाफ हमें अपने स्तर से लड़ाई शुरू करनी होगी।
मेहुल खंडूड़ी,
- महिलाओं के प्रति नजरिया बदलने की आवश्यकता है। आज महिलाएं सभी क्षेत्रों में आगे आई हैं। अमर उजाला का अपराजिता अभियान महिला जागरूकता के लिए मील का पत्थर साबित होगा।
श्रृष्टि रावत
शिक्षित समाज में भी लड़कियों के प्रति अपराध में दिनों दिन बढ़ोत्तरी हो रही है, जिससे स्पष्ट है कि शिक्षित होने के बाद भी मानसिकता में बदलाव नहीं हो रहा है। मानसिकता में बदलाव अच्छे संस्कारों से ही हो सकता है।
वंदना बिष्ट
-बालिकाएं हर क्षेत्र में आगे हैं। यदि उन्हें प्रोत्साहन मिले तो वह माता पिता का नाम रोशन तो करेंगी ही साथ में देश की प्रगति में भी महत्वपूर्ण योगदान देंगी। प्रेरणा रावत
- मीडिया की सामाजिक जागरूकता बढ़ाने, अंध विश्वास व कुरीतियों को दूर करने में महत्वपूर्ण भूमिका होती है। अमर उजाला अपराजिता महा अभियान के जरिए बखूबी इस भूमिका का निर्वहन कर रहा है।
अंजलि उनियाल
अमर उजाला का अपराजिता अभियान निश्चित की समाज को एक नई दिशा देगा। हमारा नैतिक दायित्व है कि ऐसी पहल को अपना पूरा सहयोग दें।
केसर सिंह, व्यायाम शिक्षक।
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राजीव