पौड़ी। नगर पालिका पौड़ी के अध्यक्ष के वित्तीय अधिकार बहाली की उम्मीद बढ़ गई है। शासन ने अध्यक्ष को अपना पक्ष रखने के लिए मौका दिया है। पालिकाध्यक्ष बेनाम ने अपर सचिव शहरी विकास के सामने अपना पक्ष रख दिया है।
नगर पालिका पौड़ी के अध्यक्ष यशपाल बेनाम के पुराने कार्यकाल में सितंबर 2017 को प्रदेश सरकार ने उनके वित्तीय अधिकार सीज कर दिए थे। जीत के बाद नए कार्यकाल में अध्यक्ष के वित्तीय अधिकार बहाल नहीं हुए हैं। वित्तीय अधिकार को लेकर मामला तब और तेज हो गया, जब दिसंबर 2018 को ट्रेजरी ने पालिका के करीब 26 लाख के बिलों का भुगतान करने से इंकार कर दिया। शासन ने अग्रिम आदेश तक पालिकाध्यक्ष के वित्तीय अधिकार जिलाधिकारी के पास ही रहने के निर्देश दिए। पालिकाध्यक्ष यशपाल बेनाम ने बताया कि अपर सचिव शहरी विकास के सामने सारा पक्ष रख दिया है। उन्होंने कहा कि उम्मीद है कि जल्द ही वित्तीय अधिकार बहाल हो जाएंगे।
डीएम ने एडीएम को सौंपे वित्तीय अधिकार
पौड़ी। पालिकाध्यक्ष के वित्तीय अधिकार जिलाधिकारी पौड़ी के पास थे, जिन्हें डीएम ने एडीएम को हस्तांतरित कर दिया है। डीएम धीराज सिंह गर्ब्याल ने बताया कि पालिकाध्यक्ष पौड़ी के वित्तीय अधिकार एडीएम को हस्तांतरित कर दिए गए हैं। उन्होंने बताया कि श्रीनगर पालिका के वित्तीय अधिकार भी एसडीएम श्रीनगर को सौंप दिए गए हैं।
आंदोलन की दी चेतावनी
पौड़ी। पौड़ी बचाओ संघर्ष समिति ने अध्यक्ष के वित्तीय अधिकार बहाल नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है। मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेज कर समिति के संयोजक नमन चंदोला ने बताया कि पालिकाध्यक्ष के वित्तीय अधिकार सीज होने से विकास कार्य प्रभावित होते हैं। अध्यक्ष के वित्तीय अधिकार जल्द बहाल नहीं किए गए तो उग्र आंदोलन किया जाएगा।