जल संचय दिवस पर जनता को जल संरक्षण और संवर्द्धन के लिए जागरूक करने की कोशिश की जाएगी। जल संस्थान भूजल के गिरते स्तर को बढ़ाने के लिए परंपरागत तरीके जैसे चालखाल बनाएगा। जल संरक्षण का अभियान बृहस्पतिवार को होटलों में सैंडफिल वाटर बोतल के जरिए पानी बचा कर किया जाएगा।
सूबे में 25 मई को जल संचय दिवस मनाया जाएगा। इसको लेकर जल संस्थान, वन महकमे ने तैयारियां पूरी कर ली है। जल संस्थान ईई संतोष उपाध्याय ने बताया कि जल संरक्षण जागरूकता अभियान 30 जून तक चलेगा। इस दौरान पोस्टर, बैनर के जरिए जनता को जागरूक किया जाएगा।
अभियान की शुरूआत बृहस्पतिवार को होटलों में सैंड फिल वाटर बोतल से होगी। इस विधि में बाथरूम के फ्लश हौज में एक लीटर पानी की खाली बोतल को रेता से भरकर रख दिया जाएगा। इस तरह यदि हौज 15 लीटर की है तो सिर्फ 14 लीटर पानी ही भरेगा।
साथ ही फ्लश करने पर इतना ही पानी बहेगा। इस तरह शहर में छोटे-बड़े 100 से ज्यादा होटल है। हर होटल में अगर 10 बाथरूम भी हुए तो रोजाना एक हजार लीटर से ज्यादा पानी की बचत होगी। उन्होंने बताया कि इसके अलावा जिन नलकूपों में पानी का भूजल स्तर नीचे गिर गया है वहां चाल खाल बनाई जाएगी ताकि भूजल स्तर उठ सके।
इसके अलावा जल स्रोतों का चिन्हीकरण, मैपिंग, लोकेशन आन गूगल आदि भी दी जाएगी। हर डिवीजन में 150 क्यूब घनमीटर जल संरक्षण का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
यहां बनाई जाएंगी चाल खाल
पनियाली ट्यूबवेल
कुंवरपुर ट्यूबवेल
कोटाबाग आंवलाफुट ट्यूबवेल