बाजार का साप्ताहिक अवकाश होने के बाद भी हल्द्वानी की सड़कों में वाहनों का रैला रहा। दोपहर तक अधिकांश सड़कों पर जाम लगा रहा। सेकेंड सैटर-डे और संडे लगातार दो दिन की सरकारी छुट्टियां होने के चलते मैदानी इलाकों से पर्यटक कुमाऊं के हिल स्टेशनों के लिए उमड़ पड़े। तराई भाबर से अधिकांश हिल स्टेशनों को हल्द्वानी का हाइवे ही जोड़ता है। अब रविवार शाम से पर्यटकों की वापसी होगी, जिससे शहर को फिर जाम से जूझना पड़ेगा।
मैदानी इलाकों में जबर्दस्त गर्मी पड़ रही है। स्कूलों में बच्चों की छुट्टियां हैं। सरकारी कर्मचारियों को बच्चों की छुट्टियों के साथ खुद की छुट्टी का भी इंतजार रहता है। शनिवार और रविवार को लगातार दो दिन की छुट्टियां पड़ने से कर्मचारी बच्चों के साथ सैर सपाटे के लिए हिल स्टेशनों को निकल पड़े। शनिवार को हल्द्वानी बाजार बंद रहता है। आमतौर पर बाजार बंदी के दिन सड़कों पर सुनसानी रहती है। लेकिन 11 जून को सुबह से बरेली और रामपुर रोड की सड़कों पर वाहनों का रैला नजर आया। सभी वाहन रुद्रपुर, बरेली, मुरादाबाद, रामपुर, मेरठ, बदायूं, दिल्ली, गाजियाबाद और नोएडा परिवहन संभागीय कार्यालयों से पंजीकृत थे।
दोपहर दो बजे तक सड़कों पर पर्यटकों के वाहनों की आवाजाही रही। अधिकांश पर्यटकों की नैनीताल, भीमताल, रानीखेत और अल्मोड़ा में एडवांस बुकिंग थी। प्रमुख चौराहों पर कई पर्यटक पुलिस कर्मियों से रूट के बारे में पूछताछ करते नजर आए। शहर में कई जगहों पर जाम की स्थिति रही। वाहनों के रैंगने से फंसे लोगों को मुसीबत झेलनी पड़ी। बरेली और बदायूं से आने वाले अधिकांश पर्यटकों के वाहन गौलापार बाइपास से गुजरे।
यातायात पुलिस कर्मियों के मुताबिक अब रविवार शाम से पर्यटकों की वापसी होने से शहर में वाहनों का दबाव बढ़ जाएगा। प्रमुख चौराहों और सड़कों पर जाम की स्थिति रहेगी। रात 10 बजे तक वाहनों का दबाव रहेगा। जिसके चलते यातायात पुलिस कर्मियों के अलावा चौकी पुलिस की ड्यूटी निर्धारित की गई है।