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 डॉक्टरों को किया गरम, मरीजों को मिली ठंडक 

Sat, 23 Apr 2016 11:42 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला ब्यूरो, हल्द्वानी।
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डीएम का एसटीएच भ्रमण - फोटो : अमर उजाला
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 डा. सुशीला तिवारी चिकित्सालय में पिछले तीन दिन से आईसीयू में एसी बंद होने की मिल रहीं शिकायतों पर शनिवार को जिलाधिकारी दीपक रावत खुद अस्पताल में पहुंच गए। उन्होंने साढ़े तीन घंटे तक अस्पताल के विभिन्न वार्डों और लैब की कूलिंग चेक की। मेडिसन आईसीयू में कूलिंग न होने पर इसे उन्होंने गंभीरता से लिया।  डीएम के आदेश पर एसी को तुरंत ठीक कराया गया। डीएम ने एमएस से जवाब तलब किया तथा इस दौरान दोनों अधिकारियों के बीच कई बार बहस जैसी स्थिति भी सामने आई। 
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 शनिवार दोपहर करीब साढ़े 12 बजे डीएम दीपक रावत एसटीएच पहुंचे। ओपीडी का निरीक्षण करने के बाद वह सीधे मेडिसन आईसीयू देखने गए। वहां एसी से कूलिंग नहीं हो रही थी। इस पर डीएम ने एमएस डा. एके पांडे से कड़ी नाराजगी जताई और पूछा कि रोगियों की सुविधाओं पर ध्यान क्यों नहीं दिया जा रहा है। उन्होंने मौके से ही तुरंत प्रमुख सचिव स्वास्थ्य ओमप्रकाश को मोबाइल से फोन लगा दिया तथा अस्पताल में एसी काम न करने के बारे में जानकारी देते हुए रोगियों को हो रही परेशानी से अवगत कराया।

इसके बाद मैकेनिक रविपाल को बुलवाकर एसी ठीक करवाए गए। न्यूरो आईसीयू में भी एसी की कूलिंग नहीं मिली। जांच में पता चला कि ईएचयू उपकरण की बेल्ट टूटी होने के कारण एसी काम नहीं कर रहा है। इस पर डीएम 15 मिनट तक इसी वार्ड में खड़े रहे तथा अपने सामने बेल्ट ठीक कराने एवं एसी चालू होने पर वहां से आगे बढ़े। 
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सेंट्रल लैब में भी एसी बंद पडे़ थे। लैब में बिना कूलिंग के जांचें होने पर भी उन्होंने सवाल उठाए। इसके बारे में एमएस ने बताया सेंट्रल कूलिंग प्लांट को वोल्टास कंपनी द्वारा दुरुस्त किया जा रहा है। इस वजह से एसी ठीक से चालू नहीं हो पाए हैं। इस जवाब से डीएम संतुष्ट नहीं हुए तथा सेंट्रल एसी प्लांट को भी मौके पर जाकर देखा। इसके बाद फिर से डीएम मेडिसन आईसीयू का एसी देखने पहुंच गए कि ठीक हुआ या नहीं। वहां मौजूद भर्ती मरीज सुरेश कापड़ी के तीमारदार हरीदत्त और जीवन पांडे ने डीएम से शिकायत की कि एसी दो दिन से काम नहीं कर रहे थे तथा दोपहर में ही चालू हुए हैं।

जबकि एमएस डा. पांडे का कहना था कि सुबह नौ बजे से ही एसी बंद हुए हैं, इस पर  डीएम और एमएस की बहस भी हो गई। डीएम ने तीमारदारों से कहा कि अगर दोबारा एसी बंद होते हैं तो उनसे तुरंत शिकायत करें। 

डीएम ने एसएनसीयू (नवजात शिुश गहन चिकित्सा कक्ष) एवं सैप्टिक वार्ड के निरीक्षण दौरान  वार्ड में तापमान मापने के लिए मशीन न होने पर एमएस से कड़ी नाराजगी जताई। एसएनसीयू प्रभारी डा. अजय आर्या से पूछा कि टेम्प्रेचर मीटर अब तक क्यों नहीं लगाया गया, वह कोई जवाब नहीं दे सके। उन्होंने प्रभारी डा. आर्या को शीघ्र टेम्प्रेचर मीटर लगाने के निर्देश दिये। डीएम ने आईसीयू सर्जरी और एनेथिसिया का भी निरीक्षण किया। वहां भी एसी ठीक काम नहीं कर रहे थे, पूछने पर एसी मैकेनिक ने बताया कि वोल्टेज की परेशानी से एवं वोल्टेज स्टेबलाइजर न होने के कारण यह समस्या आ रही है।   

डीएम रावत ने सी वार्ड के पुरुष एवं महिला शौचालयों का भी निरीक्षण किया। वहां नलों से पानी लीकेज हो रहा था। उन्होंने सभी लीकेज नलों को ठीक करने के निर्देश मौके पर दिए। कैंटीन के निरीक्षण के दौरान डीएम ने वहां दाल और चावल की रेट लिस्ट में न लिखे होने पर कैंटीन संचालक को फटकारा तथा इसे सही करने के साथ कैंटीन के स्टोर की सफ ाई व्यवस्था ठीक करने के निर्देश दिए। कैंटीन के स्टोर में नल से पानी बहने पर संचालक पर जुर्माना करने की चेतावनी दी। डीएम ने अस्पताल में लगे सीसीटीवी कैमरे सही से काम कर रहे या नहीं इसकी भी जांच पड़ताल की। निरीक्षण के दौरान मेन गेट का सीसी टीवी कैमरा सुस्पष्ट चित्र नहीं दिखा पा रहा था जिसे उन्होंने ठीक करने के निर्देश दिये। निरीक्षण के दौरान प्राचार्य डा. सीएमएस रावत, सिटी मजिस्ट्रेट हरबीर सिंह, अधिशासी अभियंता लोनिवि रणजीत सिंह रावत,  पावर कारपोरेशन नगर के अधिशासी अभियंता एनसी मिश्रा, ग्रामीण के अधिशासी अभियंता अमित आनंद, पीआरओ आलोक उप्रेती, अभियंता पंकज बोरा, रविपाल सहित अनेक चिकित्सक उपस्थित थे।
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