नैनीताल। होमस्टे निर्माण के दौरान प्राधिकरण के नियमों का पालन सुनिश्चित किया जाए, साथ ही पारंपरिक पहाड़ी स्वरूप को बनाए रखते हुए होमस्टे का स्वरूप तय किया जाए। कलेक्ट्रेट सभागार में हुई बैठक में डीएम ललित मोहन रयाल ने यह बात कही। साथ ही रेन वाटर हार्वेस्टिंग पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए ताकि पर्यटन को बढ़ावा मिल सके।
बुधवार को डीएम रयाल की अध्यक्षता में वीर चंद सिंह गढ़वाली पर्यटन स्वरोजगार योजना एवं दीनदयाल उपाध्याय घर आवास (होमस्टे) योजना के अंतर्गत लाभार्थियों का चयन किया गया। बैठक में बताया गया कि होमस्टे योजना के कुल आठ आवेदन प्राप्त हुए जिसमें से समिति की ओर से सात आवेदनों को स्वीकृति प्रदान की गई। इसी प्रकार वीर चंद सिंह गढ़वाली स्वरोजगार योजना के अंतर्गत वाहन के लिए चार आवेदन प्राप्त हुए जिसमें तीन आवेदनों को तथा गैर-वाहन मद में प्राप्त दो आवेदनों को स्वीकृति प्रदान की गई। वहां सहायक परियोजना अधिकारी चंदा फर्त्याल, जिला पर्यटन अधिकारी अतुल भंडारी, महाप्रबंधक जिला उद्योग केंद्र पल्लवी गुप्ता, जिला विकास प्रबंधक मुकेश बेलवाल, जिला विकास प्राधिकरण अधिकारी सुधांशु सिंह, अपर मुख्य अधिकारी जिला पंचायत महेश बिश्नोई, एआरटीओ जितेंद्र सिगवान आदि मौजूद रहे।