ओखलकांडा ब्लाक के हरीशताल, ककोड़, कौंता और पटरानी के ग्रामीणों ने क्षेत्र की उपेक्षा से खिन्न होकर आगामी विधानसभा चुनाव के बहिष्कार का ऐलान किया है। इस संबंध में ग्रामीणों ने गुरुवार को जिलाधिकारी से भेंट कर उन्हें एक ज्ञापन भी दिया।
जिलाधिकारी को दिए ज्ञापन में कहा गया है कि हरीशताल, ककोड़, कौंता और पटरानी समेत आसपास के अधिकांश गांव आज भी सड़क और दूरसंचार जैसी सुविधाओं से पूरी तरह से वंचित हैं।
ग्रामीणों ने डीएम को बताया कि बीते लोकसभा चुनाव में भी इन गांवों को सड़क और संचार सुविधा से जोड़ने की मांग को लेकर ग्रामीणों ने लोकसभा चुनाव का बहिष्कार किया था लेकिन तक ऐन वक्त में तत्कालीन जिलाधिकारी समेत अन्य प्रशासनिक अधिकारियों ने जनसमस्याओं के शीघ्र समाधान का आश्वासन देते हुए ग्रामीणों से वोट डलवा दिए थे लेकिन आज तक जनसमस्याएं हल नहीं हुई है जिससे ग्रामीणों में भारी गुस्सा है।
उन्होंने कहा कि अब ग्रामीण प्रशासनिक अधिकारियों और नेताओं के झूठे आश्वासनों पर बहकने वाले नहीं हैं और यदि शीघ्र उक्त क्षेत्र को सड़क और दूरसंचार सुविधाओं से नहीं जोड़ा गया तो वह किसी भी कीमत पर विधानसभा चुनाव में मतदान नहीं करेंगे।
जिलाधिकारी से मिलने वालों में हरीशताल के प्रधान केडी रूबाली, सामाजिक कार्यकर्ता दयानंद सनवाल, देवीदत्त, श्याम सिंह, नित्यानंद, त्रिलोक सिंह आदि शामिल थे।