नैनीताल। जिले के अधिकारी फाइल दबाने की आदत से बाज आ जाएं, क्योंकि अब ऐसा करने वालों अधिकारियों की खैर नहीं। जिला प्रशासन फाइल ट्रेकिंग पोर्टल विकसित करने में जुट गया है। इस पोर्टल के तैयार होते ही विभागों में दौड़ने वाली छोटे से लेकर बड़े मामलों से जुड़ी हर फाइल का स्टेटस पता चल जाएगा। पोर्टल से जिले के सभी सरकारी विभाग जोड़े जाएंगे और डीएम खुद इसकी निगरानी करेंगे।
जनसमस्या का मामला हो या जनसरोकार से जुड़ीं योजनाओं का, विभागों में फाइलें लंबे समय तक डंप पड़ी रहती हैं, लेकिन अब ऐसा नहीं होगा। इसमें सुधार के लिए जिलाधिकारी सविन बंसल ने डिजिटल तकनीकी का सहारा लेने का निर्णय लिया है। पोर्टल के विकसित होने पर नैनीताल प्रदेश में ऐसा करने वाला पहला जिला बन जाएगा। ब्लॉक, तहसील, विकास भवन सहित जिले के तमाम सरकारी दफ्तर इस पोर्टल से जोड़े जाएंगे।
विभागों में दौड़ने वाली फाइलों के रिकॉर्ड को इस पोर्टल में दर्ज किया जाएगा। अधिकारी और कर्मचारियों को समय पर मामलों को निस्तारित करना होगा। पोर्टल से मुख्य विकास अधिकारी विकास भवन स्तर की फाइलों के स्तर को देख सकेंगे, जबकि जिलाधिकारी जिले के सभी सरकारी कार्यालयों में चल रहीं फाइलों की निगरानी करेंगे।
जन समस्याओं के लिए भी तैयार होगा पोर्टल
नैनीताल। सरकारी विभागों में फाइलों के स्तर का पता लगाने के साथ ही जनसमस्याओं के लिए भी पोर्टल विकसित किया जा रहा है, जिससे लोग समस्याओं का निचले स्तर पर निदान न होने पर जिला प्रशासन को मामले से अवगत करा सकेंगे। इसकी निगरानी भी डीएम खुद करेंगे।
कोट - दोनों पोर्टलों को विकसित करने का काम तेजी से किया जा रहा है। जल्द ही इन्हें लांच किया जाएगा। इस व्यवस्था से जनता की समस्याओं का समय से निदान हो सकेगा। - सविन बंसल, डीएम नैनीताल।