प्रशिक्षण के लिए केंद्र सरकार के एनआईएमएचएएनएस से अनुबंध करेगी पुलिस
नैनीताल। महिला हेल्पलाइन से जुड़े पुलिसकर्मी काउंसलिंग के गुर सीखेंगे। केंद्र सरकार के राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य और तंत्रिका विज्ञान संस्थान (एनआईएमएचएएनएस) से पुलिस अनुबंध करेगी। अनुबंध के बाद महिला हेल्पलाइन प्रभारी, विवेचक, स्पेशल जुवेनाइल पुलिस प्रभारी को प्रशिक्षण दिलाया जाएगा।
दुष्कर्म और पॉक्सो पीड़िता को काउंसलिंग के लिए वन स्टाप सेंटर या चाइल्ड वेलफेयर कमेटी के पास भेजा जाता है। जिन मनोचिकित्सकों का वन स्टॉप सेंटर या चाइल्ड वेलफेयर कमेटी का अनुबंध है, उनका प्रत्येक काउंसलिंग में उपस्थित होना संभव नहीं हो पाता है। ऐसे में किसी अन्य मनोचिकित्सक से पीड़िता और परिवार की काउंसलिंग कराई जाती है। इधर, पुलिस केंद्र सरकार के मानसिक स्वास्थ्य एवं तंत्रिका विज्ञान संस्था से अनुबंध करेगी। इस संस्थान से महिला हेल्पलाइन के नोडल अधिकारी, विवेचकों, महिला हेल्पलाइन प्रभारियों और स्पेशल जुवेनाइल पुलिस प्रभारी को प्रशिक्षण दिलाया जाएगा जिससे वे भी पीड़िता और उनके परिवार की काउंसलिंग कर सकें। माई सिटी रिपोर्टर
काउंसलिंग का रखना होगा डाटा
दुष्कर्म और बाल अपराधों में वन स्टॉप सेंटर पर पीड़िता एवं उसके परिजनों की काउंसलिंग कराई जाएगी। वन स्टॉप सेंटर से कितनी काउंसलिंग कराई गई, एक से अधिक बार कितने मामलों में काउंसलिंग हुई, इसका डाटा भी तैयार किया जाएगा। काउंसलिंग पूरी होने के बाद भी जरूरत हो तो फॉलोअप लिया जाएगा।
कोट
एनआईएमएचएएनएस से अनुबंध करने का प्रयास चल रहा है। इसके माध्यम से महिला हेल्पलाइन के नोडल अधिकारी, विवेचकों, महिला हेल्पलाइन प्रभारी, स्पेशल जुवेनाइल पुलिस प्रभारी को प्रशिक्षण दिलाया जाएगा। इन कार्मिकों से पीड़ितों की काउंसलिंग में मदद ली जाएगी। -रिद्धिम अग्रवाल, आईजी, कुमाऊं