हल्द्वानी। अवकाश के दिन रविवार को भी संभागीय परिवहन अधिकारी कार्यालय खुला रहा। कार्यालय में उपखनिज निकासी में रजिस्टर्ड वाहनों के सरेंडर प्रपत्र जमा किए गए। शाम तक 5500 से ज्यादा खनन वाहनों के कागज सरेंडर किए गए।
हर साल 31 मई तक खनन सत्र चलता है लेकिन लक्ष्य पूरा नहीं होने पर सरकार ने गौला नदी में उपखनिज निकासी की समयसीमा बढ़ाकर 15 जून की है। एक माह के अतिरिक्त टैक्स से बचने के लिए कई डंपर स्वामियों ने अपने वाहनों को सरेंडर करना शुरू कर दिया था। इसे देखते हुए 31 मई को आरटीओ दफ्तर खोला गया। आरटीओ ने प्रशासनिक अधिकारी अनिल रावत और रोहित मेलकानी के साथ ही मनोज मिश्रा, रवींद्र कुमार आर्य, भुवन मिश्रा को अवकाश के दिन तैनात किया गया। रोहित मेलकानी ने बताया कि सुबह से ही वाहन सरेंडर के लिए प्रपत्र जमा होने शुरू हो गए। शाम तक 5500 से ज्यादा वाहनों के प्रपत्र किए गए। अब भी करीब छह हजार वाहनों का सरेंडर होना बाकी है।
उपखनिज निकासी में लगे वाहनों के प्रपत्रों को सरेंडर किया है। वाहन मालिकों की सुविधा के लिए रविवार को भी कार्यालय खोला गया।
बीके सिंह, एआरटीओ प्रशासन