नैनीताल। कुमाऊं विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. डीएस रावत के नेतृत्व में गठित विशेषज्ञ समिति की बैठक विवि के सभागार में हुई। समिति ने तय किया कि विवि के संकाय सदस्यों और शोधार्थियों की पदोन्नति व प्रत्यक्ष नियुक्तियों के लिए केवल उन्हीं शोध पत्रिकाओं को मान्यता दी जाएगी जिनमें निष्पक्ष एवं वैज्ञानिक समीक्षा प्रणाली अपनाई जाती है।
बृहस्पतिवार को हुई बैठक में कुलपति प्रो. रावत ने कहा यह पहल न केवल विश्वविद्यालय की अकादमिक साख को मजबूत करेगी बल्कि शिक्षकों एवं शोधार्थियों को गुणवत्ता आधारित शोध कार्यों के लिए प्रेरित भी करेगी। उन्होंने बताया कि समिति शीघ्र ही एक स्पष्ट क्वालिटी मैट्रिक्स जारी करेगी जिससे यह सुनिश्चित किया जा सके कि शोध प्रकाशनों की गुणवत्ता विश्वविद्यालय के मानकों के अनुरूप हो।
कहा समिति विवि में शोध प्रकाशनों के मानक तय करने, मान्यता योग्य शोध पत्रिकाओं की सूची तैयार करने तथा गुणवत्ता मापदंड (क्वालिटी मैट्रिक्स) विकसित करने पर कार्य कर रही है। इस मौके पर प्रो. एनजी साहू, प्रो. आरसी जोशी, प्रो. एसएस बर्गली, प्रो. संजय घिल्डियाल, प्रो. राजीव उपाध्याय, प्रो. अमित जोशी, प्रो. रमेश चंद्र आदि मौजूद रहे।