फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Nainital News: भगवान शिव के जयकारों के साथ डेढ़ लाख से अधिक श्रद्धालु शिव के धाम

Mon, 16 Feb 2026 01:13 AM IST
हल्द्वानी ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, नैनीताल
विज्ञापन
भीमताल के आदि छोटा कैलाश में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़। संवाद
विज्ञापन
भीमताल(नैनीताल)। महाशिवरात्रि पर्व पर रविवार को भीमताल के पिनरों स्थित आदि छोटा कैलाश में सवा लाख से अधिक श्रद्धालु भगवान शिव के जयकारों संग मंदिर पहुंचे। श्रद्धालुओं ने चार किमी की खड़ी चढ़ाई पार कर मंदिर में पहुंचकर जलाभिषेक किया। करीब 30 हजार से श्रद्धालु शनिवार रात मंदिर पहुंच चुके थे। भक्तों ने रात भर भगवान शिव की आराधना की। रविवार की सुबह चार बजे से मंदिर में श्रद्धालुओं ने महादेव का आशीर्वाद लिया। मंदिर के पुजारियों ने पूजा कराई।
विज्ञापन


कुमाऊं कमिश्नर दीपक रावत ने छोटा कैलाश मंदिर में पहुंचकर पूजा अर्चना की। कमिश्नर हर साल मंदिर में पूजा के लिए पहुंचते हैं। मंदिर समिति और जनप्रतिनिधियों ने कुमाऊं कमिश्नर को मंदिर को धार्मिक स्थल के रूप में विकसित करने की मांग की। कमिश्नर ने मंदिर में श्रद्धालुओं के लिए बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने की बात कही। ज्येष्ठ प्रमुख उमेश पलड़िया और पूर्व जिला पंचायत सदस्य अनिल चनौतिया ने बताया कि मंदिर में शनिवार रात से श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। रविवार सुबह से श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचे और पूजा-अर्चना कर लौटे। रविवार रात श्रद्धालुओं ने एक पैर पर खड़े होकर और दीये को हाथ पर रखकर अपनी मनोकामना मांगी। क्षेत्र के स्थानीय लोगों ने कहा कि इस साल छोटा कैलाश मंदिर में पिछले साल की तुलना में भीड़ कम देखने को मिली। इस दौरान त्रिलोचन पलड़िया, संतोष शर्मा, कमलेश भट्ट, चिराग बोरा, ललित सम्मल आदि मौजूद रहे। भीमताल के डांठ स्थित भीमेश्वर महादेव मंदिर में श्रद्धालुओं की कतार रविवार सुबह से लगी रही। दस हजार से अधिक श्रद्धालुओं ने मंदिर पहुंचकर शीश नवाया। मंदिर के पुजारी मदन गिरी ने बताया कि श्रद्धालु भोलेनाथ के दर्शन के लिए सुबह से शाम तक पहुंचते रहे। संवाद



आदि कैलाश में यातायात व्यवस्था सफल रही
पुलिस की ओर से छोटा कैलाश मंदिर में रविवार को दो लाख से अधिक श्रद्धालुओं के आने का अनुमान था लेकिन रविवार को श्रद्धालु पिछले साल की तुलना में कम पहुंचे। पुलिस की ओर से यातायात व्यवस्था बेहतर बनाने से श्रद्धालुओं को जाम की समस्या का सामना नहीं करना पड़ा। चारपहिया वाहनों को बानना और दोपहिया वाहनों को भटेलिया में रोककर मंदिर की ओर भेजा गया। पुलिस अधीक्षक डॉ मंजूनाथ टीसी के नेतृत्व में एसपी डॉ. जगदीश चंद्रा, एसपी संचार रेवाधर मठपाल, कोतवाल राजेश यादव आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन




जगह-जगह भंडारे का आयोजन
आदि छोटा कैलाश मंदिर में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए जगह-जगह भंडारे का आयोजन किया गया। जंगलियागांव की ग्राम प्रधान राधा कुल्याल, प्रेम सिंह कुल्याल, कमल कुल्याल, महेंद्र पडियार ने पूरी, छोले, आलू का भंडारा लगाया। अंशुल जोशी, सौरभ भट्ट, पवन चनौतिया, कमल देवका आदि ने भी भंडारे का आयोजन किया। भीमताल के डांठ में सतीश टम्टा, रवि कुमार, विनोद कुमार, देवेंद्र सिंह फर्त्याल, विक्की जीना, कौशल पांडे आदि ने भी भंडारे का आयोजन किया।



बेतालघाट, गरमपानी, मुक्तेश्वर, भवाली में हुई पूजा-अर्चना
महाशिवरात्रि पर्व पर रविवार को बेतालेश्वर महादेव शिव मंदिर बेतालघाट, घटेश्वर महादेव शिव मंदिर सीम, सोमवारी महादेव, शिव मंदिर खैरना, बढ़ेरी महादेव शिव मंदिर में सुबह से ही भक्तों ने शिवालयों में जलाभिषेक किया। गुप्तेश्वर महादेव मंदिर गंगरकोट में भक्तों की कतार रही। भवाली, मेहरागांव, धानाचूली, मुक्तेश्वर महादेव मंदिर, पतलोट, ओखलकांडा, पहाड़पानी में भी श्रद्धालुओं की भीड़ लगी रही।


गूलरसिद्ध मंदिर में उमड़ा आस्था का सैलाब

रामनगर/गौलापार/नैनीताल। महाशिवरात्रि पर रामनगर और आसपास के क्षेत्रों में शिवभक्ति की बयार बही। प्रसिद्ध गूलरसिद्ध मंदिर में सुबह से ही श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। मंदिर में हजारों शिवभक्तों और कांवड़ियों ने गंगाजल से भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक किया। रामनगर स्थित गूलरसिद्ध मंदिर में बाल सुंदरी देवी पर्यावरण सेवा समिति की ओर से मेला लगाया गया। समिति के सदस्य निशांत पपनै ने बताया कि दर्शनों के लिए बेहतर व्यवस्था की थी। गौलापार के कालीचौड़ मंदिर और सीतापुर, घुसापुर के शिव मंदिर में सुबह से दोपहर तक भक्तों की कतार लगी रही। नैनीताल के गुफा महादेव में प्राकृतिक गुफा में शिवलिंग के दर्शन के लिए रात तीन बजे से भक्तों की आवाजाही शुरू हो गई थी। व्यवस्थापक डॉ. अनिल मिश्रा ने बताया कि दिनभर श्रद्धालुओं की कतार रही। मल्लीताल स्थित नयना देवी मंदिर, हनुमानगढ़ी, ठंडी सड़क शिव मंदिर, सिपाहीधारा और हिमालय दर्शन स्थित मंदिरों में भी जलाभिषेक और अन्य अनुष्ठान हुए।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें