डेयरी विकास निदेशालय में शनिवार को निदेशक ललित मोहन रयाल ने विभिन्न कार्यों की समीक्षा बैठक में सहायक निदेशकों को निष्क्रिय एवं बंद दुग्ध समितियों का भ्रमण कर उन्हें सक्रिय कराने के निर्देश दिए।
मंगलपड़ाव स्थित डेयरी निदेशालय में विभागीय एवं फेडरेशन की बैठक में विभिन्न योजनाओं की समीक्षा की गई तथा डेयरी फेडरेशन को सहकारी वर्ष 2015-16 में प्रदेश स्तर पर सहकारिता के माध्यम से 2.25 लाख औसत दैनिक दुग्ध उपार्जन तथा 2.25 लाख औसत दैनिक तरल दुग्ध बिक्री का लक्ष्य निर्धारित करने एवं समस्त दुग्ध संघों को इसके अनुरूप लक्ष्य निर्धारित करने के निर्देश दिए गए। प्रबंध निदेशक ने कहा कि अर्द्ध कुंभ को ध्यान में रखते हुए हरिद्वार में दो वाकिंग कूलर की व्यवस्था की जाए।
इसके लिए डेयरी फेडरेशन को प्रस्ताव तैयार कर उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने गढ़वाल मंडल में यात्रा सीजन को देखते हुए दुग्ध संघ हरिद्वार, उत्तरकाशी, चमोली, टिहरी एवं देहरादून के प्रबंधक एवं प्रधान प्रबंधक को यात्रा मार्गों में दुग्ध की गुणवत्ता पूर्ण उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए। बैठक में सभी प्रबंधक एवं प्रधान प्रबंधकों को निर्देशित किया गया कि तरल दुग्ध बिक्री के लिए बाजार का सर्वे कराकर विश्लेषण कराया जाय तथा दुग्ध उपार्जन में वृद्धि के लिए जनपद स्तर पर लक्ष्य निर्धारित किया जाय। इसके अलावा पशु आहार निर्माणशाला, रुद्रपुर के सामान्य प्रबंधक को सहकारी वर्ष 2015-16 में 1500 एमटी आंचल पशु आहार बिक्री करने के निर्देश दिए गए।