हल्द्वानी। केमू ने त्योहार को देखते हुए पर्वतीय क्षेत्रों के लिए बसों की संख्या बढ़ानी शुरू कर दी है। बृहस्पतिवार को 25 से अधिक बसों को पहाड़ के विभिन्न जगहों के लिए भेजा गया। वहीं, अभी खैरना मार्ग सुचारु न होने के कारण केमू की बसें रामगढ़ होते बागेश्वर, पिथौरागढ़ जा रही हैं, जबकि रानीखेत के लिए रामनगर से होकर जा रही हैं।
केमू बस स्टेशन के प्रभारी नवीन चंद्र जोशी ने बताया कि आपदा के बाद से खैरना मार्ग बंद है। इस वजह से पहाड़ के लिए बसों का संचालन रामगढ़ और रामनगर होते हुए किया जा रहा है। बताया कि बृहस्पतिवार को बागेश्वर 10, अल्मोड़ा 8, पिथौरागढ़ 2, गंगोलीहाट एक, रानीखेत 4 बसें भेजी गईं। उनका कहना था कि मुख्य मार्ग न खुलने की वजह से यात्रियों की संख्या भी कम है, जबकि त्योहारी सीजन शुरू हो चुका है। यात्रियों की संख्या बढ़ने पर केमू पहाड़ के लिए बसों की संख्या बढ़ाएगा, जिसकी तैयारी कर ली गई है।
हल्द्वानी डिपो की पहाड़ की बस सेवा नहीं हुई बहाल
हल्द्वानी। हल्द्वानी डिपो ने मुख्य मार्ग अभी तक न खुलने की वजह से पहाड़ के लिए बससेवा शुरू नहीं की है, सिर्फ नैनीताल और जंगलियागांव के लिए ही बसों का संचालन किया जा रहा है। इधर, दिल्ली, बरेली समेत विभिन्न मार्गों पर बसअड्डे से अतिरिक्त बसें भेजी गईं।
पिछले दिनों 18 अक्तूबर को भारी बारिश की वजह से पर्वतीय मार्ग बाधित हो गए थे। छोटे वाहनों के लिए कुछ मार्ग खोल दिए गए। वरिष्ठ स्टेशन प्रभारी रवि कापड़ी ने बताया कि बृहस्पतिवार को नैनीताल और जंगलिया गांव के लिए बस चलाई गईं। बताया कि दिल्ली, देहरादून और बरेली मार्ग के यात्रियों की संख्या को देखते हुए अतिरिक्त बसें भेजी गईं। इसके अलावा मुरादाबाद, हरिद्वार, जालंधर, चंडीगढ़, मेरठ, रुड़की, कोटद्वार, फरीदाबाद, लुधियाना आदि स्थानों के लिए बसें भेजीं गईं।