बढ़ते पारे ने घटाया गौला का जलस्तर, 87 क्यूसेक पहुंचा
- प्रतिदिन चार क्यूसेक से भी ज्यादा की रफ्तार से घट रहा जल स्तर
- नौ दिन में 38 क्यूसेक घटकर 127 से 87 क्यूसेक की गिरावट से हुआ दर्ज
संवाद न्यूज एजेंसी
हल्द्वानी। एक तरफ गर्मी का पारा बढ़ता जा रहा है तो वहीं दूसरी तरफ गौला नदी का जल स्तर तेजी से घट रहा है। नौ दिन के अंदर गौला के जल स्तर में 38 क्यूसेक की गिरावट मापी गई है। वहीं शहर के अलग-अलग क्षेत्रों में पहले से ही लोग जलसंकट से जूझ रहे हैं।
पिछले दस दिन से लगातार बढ़ रहे तापमान और जलसंकट से लोग पहले ही परेशान हैं। वहीं तेजी से घट रहे गौला के जलस्तर ने अधिकारियों की चिंता को भी बढ़ा दिया है। अब तक की सर्वाधिक तीव्र गति की दर से गौला का जलस्तर घट रहा है। 26 मई 2022 को गौला नदी का जलस्तर 127 क्यूसेक मापा गया था। वहीं एक जून को 98 क्यूसेक और इसके तीन दिन में ही चार जून को गौला का जलस्तर 87 क्यूसेक पर पहुंच गया है। गौला बैराज पर तैनात जेई मनोज तिवारी ने बताया कि गर्मी के लगातार बढ़ने की वजह से पानी का वाष्पीकरण तेजी से हो रहा है और जलस्तर घटता जा रहा है। बीते सालो में जून के महीने में गौला के जलस्तर की बात करें तो 2018 में एक जून को 57 क्यूसेक, साल 2019 की एक जून को 64 क्यूसेक और साल 2020 की एक जून को सर्वाधिक 335 क्यूसेक दर्ज किया गया था। अधिकारियों का कहना है कि इस साल के मई के अंतिम सप्ताह से जून के शुरुआती दिनों तक जिस गति से जलस्तर घट रहा है यह चिंता का विषय है।
आज से इंदिरानगर क्षेत्र में शुरू होगी पानी की सप्लाई
पिछले दो दिनों से खराब चल रहे इंदिरानगर के नलकूप से रविवार की सुबह सप्लाई शुरू कर दी जाएगी। क्षेत्र के जेई एनसी जोशी ने बताया कि मोटर ठीक कराने का काम सुबह और रात दोनों शिफ्टों में कराया जा रहा है। शुक्रवार को विद्युत आपूर्ति बाधित होने की वजह से मोटर को निकालने में इस्तेमाल होने वाली मशीन काम नहीं कर सकी इसकी वजह से नलकूप ठीक होने में समय लग गया। बताया कि शनिवार को भी क्षेत्र में पानी की दिक्कत न हो इसके लिए 38 टैंकरों से जलापूर्ति कराई गई थी। वहीं रविवार से लोगों को राहत दिए जाने का आश्वासन दिया है।