नैनीताल। जिला उपभोक्ता आयोग ने आईसीआईसीआई बैंक की मल्लीताल शाखा पर एक लाख रुपये से अधिक का जुर्माना लगाया है। यह आदेश ग्राहक के खाते से बिना चेक के धनराशि काटने के मामले में दिया गया है। आयोग ने एचडीएफसी बैंक की हल्द्वानी शाखा को भी 50 हजार रुपये का भुगतान करने का निर्देश दिया है।
आईसीआईसीआई बैंक को वादी नवीन सिंह बिष्ट के खाते से काटी गई 826 रुपये की धनराशि आठ फीसदी ब्याज के साथ लौटानी होगी। बैंक को मानसिक वेदना की क्षतिपूर्ति के लिए 50 हजार रुपये और वाद व्यय के लिए 50 हजार रुपये का भुगतान भी 45 दिन के भीतर करना होगा। इसके अतिरिक्त, आयोग ने आईसीआईसीआई बैंक पर 50 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। एचडीएफसी बैंक को बेवजह पक्षकार बनाने के लिए 50 हजार रुपये का भुगतान करने का निर्देश दिया गया है।
यह था मामला
नवीन सिंह बिष्ट ने वर्ष 2018 में आईसीआईसीआई बैंक के खिलाफ दायर किया था। बिष्ट ने आरोप लगाया था कि बैंक की ओर से अक्तूबर और दिसंबर 2018 में उनके खाते से दो बार 413-413 रुपये काटे गए जबकि उन्होंने कोई चेक जारी नहीं किया था। आईसीआईसीआई बैंक ने एचडीएफसी बैंक के माध्यम से चेक जमा होने और कंप्यूटर की गलती से भुगतान की बात कही। पर जिला उपभोक्ता आयोग के समक्ष कोई ठोस साक्ष्य प्रस्तुत नहीं कर सका। आयोग ने सुनवाई के बाद बैंक के दावों को निराधार पाया।