सोमवार को वह एआरटीओ ऑफिस पहुंचा और वहां पर उसने लाइसेंस के बारे में जानकारी लेनी चाही तो उसे कुछ पता नहीं चला। इससे क्षुब्ध होकर उसने एआरटीओ ऑफिस में ही जहर पी लिया।
इससे वहां अफरा-तफरी मच गई। हालत खराब होने पर उसे सरकारी अस्पताल ले जाया गया, जहां से चिकित्सकों ने उसे हायर सेंटर रेफर कर दिया। परिजन उसे काशीपुर स्थित एक निजी अस्पताल में ले गए हैं। एसएसआई जयपाल सिंह चौहान ने बताया कि चालक जाहिद की हालत गंभीर बनी हुई है।
लाइसेंस के लिए परेशान जाहिद ने सोमवार को एआरटीओ ऑफिस में जहर पी लिया था। पुलिस को फोन करने के साथ ही उन्हाेंने जाहिद को अस्पताल भिजवाया। जाहिद का एआरटीओ ऑफिस में न तो लाइसेंस है और न कोई रिकॉर्ड ही है।
-विमल पांडेय, एआरटीओ