विकासखंड कोटाबाग के ग्रामीण इलाकों में हक-हकूक के तहत मिलने वाले रेता-बजरी के परमिट जारी करने की मांग को लेकर ग्रामीणों का धरना प्रदर्शन तीसरे दिन भी तहसील में जारी रहा। विधायक बंशीधर भगत ने धरना स्थल पर पहुंचकर ग्रामीणों के धरना-प्रदर्शन को समर्थन दिया।
उन्होंने कहा कि वन विभाग के कुछ अधिकारियों के अड़ियल रैवये के चलते किसानों को उनके हक से वचिंत रखा जा रहा है। उन्होंने सरकार से शीघ्र परमिट जारी करने की मांग की।
ब्लाक के गांव बजूनियाहल्दू, पतलिया, नयांपांडे गांव, कमोला, धमोला आदि ग्रामीण इलाकों में बीते कई वर्षों से हक-हकूक के तहत वन विभाग से रेता-बजरी के परमिट जारी होते थे। इससे ग्रामीण काश्तकार अपने भवन इत्यादि की मरम्मत और निर्माण करते थे। ग्रामीणों का कहना है कि प्रशासन की उदासीनता के चलते वन विभाग के अधिकारी ग्रामीणों के अधिकारों का हनन कर रहे हैं।
धमकी दी कि परमिट जारी होने तक धरना जारी रहेगा। इस दौरान ग्राम प्रधान, नरेंद्र सिंह, अनिल कांबोज, हेम पाठक, कनिष्ठ प्रमुख, जगदीश छिम्वाल, लाखन निगल्टिया, हेम तिवारी, विशन नगरकोटी, देवेंद्र जोशी, नवीन पंत, मोहन टम्टा, महेश मासीवाल, नवीन गरजोला, देवेंद्र सिंह बोरा, भगवान सिंह डसीला, लक्ष्मण सिंह, महेंद्र सिंह, मोहन राम, बालम सिंह, कृपाल बिष्ट, ललिता देवी आदि ग्रामीण थे।