लालकुआं (नैनीताल)। बिंदुखत्ता निवासी विधवा को पड़ोसी पर भरोसा करना भारी पड़ गया। आरोपी ने विधवा के बैंक खाते से 1.70 लाख रुपये निकाल लिए, लेकिन पुलिस के हस्तक्षेप पर आरोपी ने रुपये लौटा दिए।
बिंदुखत्ता राजीवनगर प्रथम बोरिंग पट्टा निवासी दीपा देवलिया ने कोतवाली में तहरीर दी। बताया कि कुछ समय पूर्व ऊधमसिंह नगर में हुई सड़क दुर्घटना में उसके पति की मृत्यु हो गई थी। इसलिए श्रम विभाग में जमा रुपये निकालने के लिए उसने पड़ोसी की मदद ली। उस पर विश्वास करते हुए महिला ने हस्ताक्षरित कोरा चेक समेत अपने तमाम कागजात उसे सौंप दिए। कई दिन की लिखा-पढ़ी के बाद महिला के खाते में 2.20 लाख रुपये आ गए। इसी बीच महिला के मोबाइल पर उसके उत्तराखंड ग्रामीण बैंक के खाते से 1.70 लाख रुपये निकाले जाने का मैसेज आ गया। तभी उसे शक हुआ कि मददगार बने पड़ोसी ने कोरे चेक से यह रकम निकाली होगी। इसलिए उसने कोतवाली पहुंचकर पुलिस को घटना की सूचना दी। इस पर तत्काल कार्रवाई कर कोतवाल रविकुमार सैनी ने आरोपी को हिरासत में लेकर सख्ती से पूछताछ की तो उसने अपराध कबूल कर रुपये लौटा दिए। तभी मामले का पटाक्षेप हो सका।