रामनगर। प्रदेश में राष्ट्रपति शासन लागू होने के बाद कांग्रेसियों के असंतोष को देखते हुए शासन प्रशासन ने व्यापार तैयारियां की है। प्रशासन को आशंका है कि कांग्रेस के लोग धरना-प्रदर्शन जुलूस जैसी कार्रवाई कर सकते हैं। यदि ऐसी नौबत आती है कि आंदोलनकारियों और प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार करना पड़े तो जिले में कोई ऐसी व्यवस्था नहीं है कि इन प्रदर्शनकारियों को कहां रखा जाए। इसके लिए जीआईसी ढेला को अस्थायी जेल बनाया गया है।
बता दें कि जीआईसी ढेला बोर्ड परीक्षाओं का केंद्र भी है। हालांकि 28 मार्च को कोई पेपर नहीं है, लेकिन 29 मार्च को इंटरमीडिएट अंग्रेजी की परीक्षा है। ऐसे में जीआईसी को अस्थायी जेल बनाने का निर्णय पर भी सवालिया निशान लग गया है। बोर्ड परीक्षाओं के दौरान परीक्षा केंद्र पर परीक्षार्थियों, शिक्षकों व केंद्र के अन्य कार्मिकों को छोड़कर धारा 144 लगी रहती है। ऐसे में एक समूह को वहां ले जाना उचित नहीं है।