हल्द्वानी बेस अस्पताल के डायलिसिस केंद्र में मरीजों के खून की सफाई के लिए पानी का इंतजाम अधूरा होने पर कमिश्नर ने सीएमओ का जवाब तलब किया है। खबर का संज्ञान लेते हुए उन्होंने नाराजगी जताई कि डायलिसिस में बार बार पानी की दिक्कत क्यों हो रही है और मरीजों को बार बार क्यों परेशान होना पड़ रहा है। इसके लिए क्या इंतजाम किए जा रहे हैं सीएमओ से स्पष्ट करने को कहा है। उन्होंने अगली बार ऐसी असुविधा होने पर कार्रवाई करने की बात कही है। वहीं दूसरी ओर बेस अस्पताल में डायलिसिस रोगियों के उपचार के लिए सोमवार को भी पेयजल के तीन टैंकर बुलाने पड़े हैं।
सोमवार को जल संस्थान से एक और निजी वाहन से दो टैंकर मंगवाए। दिनभर करीब 55 रोगियों का डायलिसिस उपचार हुआ। एक मरीज के डायलिसिस के लिए आरओ फिल्टर युक्त 20 लीटर पानी की जरुरत होती है और अलग अलग शिफ्ट में मरीजों का डायलिसिस होता है। प्रत्येक शिफ्ट में 20 से 25 मरीजों का इलाज होता है। डायलिसिस के मरीज को हफ्ते में दो दिन इलाज के लिए यहां आना पड़ता है। इधर डायलिसिस केद्र प्रभारी महेंद्र बिष्ट का कहना है कि फिलहाल पानी की समस्या कम नहीं हो रही है और हर रोज चार पांच टैंकर मंगवाने पड़ रहे हैँ। पिछले 20 दिनों से आधा समय टैंकर मंगवाने और उसके प्रबंधन में लग रहा है और अब तक करीब 60 से अधिक टैंकर मंगवा चुके हैं।