हल्द्वानी। खराब मौसम मंगलवार को होने वाली नेट की परीक्षा के बीच सैकड़ों अभ्यर्थियों के लिए बाधा का कारण बन सकता है। यूजीसी नेट की परीक्षा के लिए कुमाऊं में मात्र एक केंद्र हल्द्वानी है। परीक्षा के लिए सैकड़ों अभ्यर्थी पंजीकृत हैं। लगातार हो रही बारिश के चलते कुमाऊं में ज्यादातर सड़कें खराब हैं और रास्ते बंद पड़े हैं। नेट के परीक्षार्थी इसी बात को लेकर चिंतित हैं।
हल्द्वानी में 11 अक्तूबर को नेट की परीक्षा होगी। अल्मोड़ा, बागेश्वर, पिथौरागढ़, चंपावत के अभ्यर्थी परीक्षा केंद्र की दूरी और खराब के मौसम के कारण परेशान हैं। अभ्यर्थियों का कहना है कि नेट की परीक्षा के लिए कुमाऊं में एकमात्र हल्द्वानी को केंद्र बनाया गया है। परीक्षा देने के लिए मीलों का सफर तय करना पड़ता है। यदि परीक्षा केंद्र कुमाऊं में अन्य जगहों पर भी बनाए होते तो परीक्षा केंद्र तक पहुंचने में आसानी होती।
उनका कहना है कि तीन दिनों से पर्वतीय इलाकों में लगातार बारिश हो रही है। भूस्खलन से सड़कें टूट रही हैं और सड़कों पर जगह-जगह मलबा आने से रास्ते अवरुद्ध हैं। ऐसे मौसम में जान हथेली पर रखकर परीक्षा देने के लिए इतनी दूर आना है। यदि परीक्षा केंद्र नजदीक होता, तो सैकड़ों अभ्यर्थियों के लिए यह राहत की बात होती। माना जा रहा है कि मंगलवार को होने वाली नेट की परीक्षा में कुमाऊं के ज्यादातर अभ्यर्थी खराब सड़कों के कारण अनुपस्थित रहे सकते हैं।