नैनीताल। वन्य जीवों की सेवा करने वाले 21 लोगों को 15 अगस्त के मौके पर प्रदेश स्तरीय सम्मान मिलेगा। इनमें नैनीताल जू के डॉ. योगेश भारद्वाज, रेंजर प्रकाश जोशी, डिप्टी रेंजर ललित मोहन कार्की, वन रक्षक राजेंद्र कुमार जोशी भी शामिल हैं।
बेतालघाट के लोगों के लिए खतरा बन चुके बाघ को 2017 में डॉ. भारद्वाज ने रेस्क्यू किया था। 2013 से लेकर 2018 तक डॉ. भारद्वाज ने 32 रेस्क्यू आपरेशन किए, जिसमें पांच बाघ, दो हाथी, 12 तेंदुए, घुरड़, काकड़, उल्लू आदि के ऑपरेशन शामिल हैं। उन्होंने जू में फीजेंट्स की ब्रीडिंग कराई। रेंजर प्रकाश चंद्र जोशी ने एक अगस्त तक नैनीताल जू में अपनी सेवाएं दी हैं। इस समय वह भूमि संरक्षण वन प्रभाग में इसी पद पर हैं। उन्होंने वर्ष 1989 से वन विभाग में सेवा शुरू की। तब से वह बिना रुके विभाग की सेवा में तत्पर हैं। वन रक्षक राजेंद्र कुमार जोशी को वनों, वन्यजीवों से बहुत प्रेम है। सुरक्षा का जिम्मा विभाग ने उन्हें सौंप रखा है। उन्हें बाघ, तेंदुए की देखभाल करने में महारथ हासिल है। 30 जनवरी 2017 को बेतालघाट में हुए बाघ के रेस्क्यू में उन्होंने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। नैनीताल वन प्रभाग नैनीताल के भवाली वन क्षेत्र में तैनात डिप्टी रेंजर ललित मोहन कार्की को भी सम्मानित किया जाएगा। कार्की ने वन उपज की अवैध तस्करी, आरक्षित वन क्षेत्र में अतिक्रमण, मानव वन्यजीव संघर्ष रोके हैं। जू के निदेशक बीजूलाल टीआर ने भी इन कर्मियों को बधाई दी है।