हल्द्वानी। काठगोदाम पुलिस ने फर्जी निकाह कराने वाले काजी और निकाहनामा पर हस्ताक्षर करने वाले गवाहों की गिरफ्तारी के लिए दिल्ली, उप्र में दबिशें दे रही हैं। कोर्ट ने पिछले हफ्ते ही इनके गैर जमानती वारंट जारी किए हैं।
काठगोदाम की रहने वाली बीटेक की छात्रा बीती 18 अप्रैल को घर से लापता हो गई थी। छात्रा के परिजनों ने कांग्रेस नेत्री महक खान और उसके बेटे दानिश खान के खिलाफ अपहरण का मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने इस मामले में कांग्रेस नेत्री को जेल भेज दिया था। इधर बेटे दानिश ने बताया था कि गाजियाबाद की विजय नगर स्थित मदीना मस्जिद में निकाह कर लिया है। उसने निकाहनामा भी पेश किया था।
वहीं पुलिस पड़ताल में निकाहनामा फर्जी निकला था। इसके बाद पुलिस ने निकाह कराने वाले काजी इनायतुल्ला, निकाहनामे में हस्ताक्षर करने वाले जुनैद और शाहिद के गैर जमानती वारंट हासिल किए थे। इधर वारंट के आधार पर एसओ कमाल हसन के नेतृत्व में काठगोदाम पुलिस ने दिल्ली, गाजियाबाद, मुरादाबाद में दबिशें दी हैं। सूत्रों की माने तो पुलिस को दोनों गवाहों के घर मिल गए हैं लेकिन अभी तक गवाह हत्थे नहीं चढ़ी है।
फर्जी निकाह कराने वाले काजी की तलाश में दिल्ली, उप्र में दबिशें
- बीटेक की छात्रा का धर्मांतरण कर कराया गया था फर्जी निकाह