संवाद न्यूज एजेंसी
कोटद्वार। जस्टिस फॉर अंकिता भंडारी कमेटी के बैनर तले जिलेभर में विभिन्न संगठनों से जुड़े लोगों और महिलाओं ने सोमवार को सिमलचौड़ स्थित अदालत परिसर के बाहर जुलूस निकालकर प्रदर्शन किया। इस दौरान प्रदर्शनकारी अंकिता हत्याकांड के हत्यारोपियों को फांसी की सजा दिलाने की मांग कर रहे थे। प्रदर्शनकारियों को देखते हुए पुलिस प्रशासन की ओर से अदालत परिसर व बाहर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की गई थी।
सोमवार को कोटद्वार के सिमलचौड़ स्थित न्यायालय भवन के एडीजे कोर्ट में अंकिता हत्याकांड की सुनवाई थी। पूर्वाह्न करीब 11 बजे जस्टिस फॉर अंकिता भंडारी कमेटी के बैनर के साथ कई संगठनों और राजनीतिक दलों से जुड़ी महिलाएं सिमलचौड़ कोर्ट परिसर में पहुंच गईं।
उन्होंने अंकिता भंडारी के हत्यारोपियों को फांसी की सजा दिलाने के लिए नारेबाजी की। करीब डेढ़ घंटे तक चले जुलूस प्रदर्शन को लेकर पुलिस प्रशासन खासा मुस्तैद रहा।
कोतवाल रमेश तनवार खुद मय पुलिस फोर्स अदालत के मुख्य द्वार पर मौजूद रहे। उनके साथ कोतवाली के एसएसआई उमेश कुमार, एसओजी प्रभारी कमलेश शर्मा, यमकेश्वर के थानाध्यक्ष एसएस चौहान, एसआई प्रमोद कुमार, एसआई सुमनलता समेत पुलिस बल मौजूद रहा। जिन्होंने जस्टिस फॉर अंकिता कमेटी से जुड़े प्रदर्शनकारियों को अदालत परिसर के अंदर नहीं घुसने दिया।
जूलूस प्रदर्शन मेें कमेटी के संयोजक शिवानंद लखेड़ा, कांग्रेस की पूर्व प्रदेश महामंत्री रंजना रावत, महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष रश्मि पटवाल, शोभा रावत, जयवीर सिंह रावत व बबलू नेगी समेत 100 से अधिक प्रदर्शनकारी मौजूद रहे।