कोटद्वार। कोरोना संक्रमण को रोकने के लिए कोटद्वार भाबर में लॉकडाउन बेमानी साबित हो रहा है। लॉकडाउन में छूट के समय बड़ी संख्या में सब्जी और दूध आपूर्ति के नाम पर वाहन और लोग यूपी के जंगलों के रास्ते भाबर में प्रवेश कर रहे हैं। इससे स्थानीय लोग कोरोना संक्रमण का खतरा जता रहे हैं।
दरअसल पुलिस प्रशासन ने कौड़िया चेक पोस्ट में भले ही यूपी बॉर्डर पर कड़ी चौकसी बरतते हुए सीमा को सील कर रखा है, लेकिन बीईएल रोड, मोटाढांक से लेकर हल्दूखाता और झंडीचौड़ तक यूपी के जंगलों से बने दर्जनों रास्तों से धड़ल्ले से आवाजाही हो रही है। हरिद्वार के गैंडीखाता और बिजनौर के कोटावली से हर रोज दर्जनों वाहन सब्जी और दूध की आपूर्ति के बहाने भाबर के गांवों और कस्बों में घुस रहे हैं। कोटद्वार भाबर का पूरा इलाका यूपी बॉर्डर से सटा है। बीईएल रोड से तल्ला मोटाढांक होते हुए हल्दूखाता, झंडीचौड़ पूर्वी, पश्चिमी होते हुए सिगड्डी तक का क्षेत्र यूपी के जंगल से एकदम नजदीक है, जहां जंगलों के बीच से एक दो नहीं, दर्जनों रास्ते ऐसे हैं, जहां से छोटे बड़े वाहन चोरी छिपे भाबर में आते जाते रहते हैं। नजीबाबाद से बड़िया, जाफरा, चौड़खत्ता होते हुए तल्ला मोटाढांक और हल्दूखाता व कंचनपुरी के रास्ते लोग सब्जी और दूध बेचने के लिए बिना अनुमति के घुस रहे हैं।
कौड़िया चेक पोस्ट के अलावा यूपी के जंगलों के संभावित रास्तों पर पुलिस फोर्स और होमगार्ड तैनात की गई है। यदि ग्रामीणों को यूपी से संदिग्ध लोग आते हुए दिखते हैं तो वे स्थानीय पुलिस के साथ ही कोटद्वार थाने के नंबर 9411112850 पर सूचना दे सकते हैं। जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी।
-मनोज रतूड़ी, कोतवाल कोटद्वार।
-फोटो