काशीरामपुर तल्ला की छात्रा को आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में परिजनों की मांग पर जहां पुलिस ने आरोपी युवक के दो साथियों से पूछताछ की, वहीं दो गुटों से जुड़े इस मसले पर तनाव और सुरक्षा के मद्देनजर शहर में पर्याप्त सुरक्षा बल तैनात कर दिया गया है।
शहर के सभी संवेदनशील स्थानों पर पुलिस के अलावा क्यूआरटी तैनात रही। एसएसपी के निर्देश पर जिले के सभी थानों से कोटद्वार में अधिकारी बुलवा लिए गए। श्रीनगर, पौड़ी, सतपुली, रिखणीखाल, धुमाकोट और कालागढ़ के एसएचओ और थानेदार मय फोर्स कोटद्वार में तैनात रहे।
गत 29 फरवरी को काशीरामपुर तल्ला निवासी दसवीं में पढ़ने वाली छात्रा के ट्रेन के आगे कूदकर जान देने के मामले में पुलिस ने शहर के एक युवक को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
इस मामले में युवक के दो साथियों को गिरफ्तार करने की मांग को लेकर मृतका के परिजनों ने बुधवार को कोतवाली और तहसील में जबरदस्त हंगामा काटते हुए बृहस्पतिवार को फिर से सड़कों पर उतरने की चेतावनी दी थी।
इस संवेदनशील मसले को गंभीरता से लेते हुए एसडीएम जीआर बिनवाल, सीओ बचन सिंह राणा, कोतवाल जेएस पुंडीर ने बुधवार की रात को छात्रा के परिजनों से बात कर सकारात्मक कार्रवाई का भरोसा दिलाया। एक वरिष्ठ अधिकारी को उनके आवास पर भेजकर प्रदर्शन को टालने के लिए राजी कर लिया गया।
इस मामले में एबीवीपी समेत कई संगठनों के कूदने की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने शहर में क्यूआरटी समेत जिलेभर में फोर्स तैनात कर दी। शहर कोतवाली, तहसील, झंडाचौक से लेकर कई संवेदनशील स्थानों पर फोर्स तैनात कर दी गई। खुफिया तंत्र मामले से जुड़े हर पहलू पर पैनी निगाह बनाए हुए है।
शहर की कानून व्यवस्था ध्वस्त: शैलेंद्र
भाजपा के पूर्व विधायक शैलेंद्र सिंह रावत ने शहर की कानून-व्यवस्था को बदहाल बताया। कहा कि छात्रा की आत्महत्या प्रकरण में सत्तारूढ़ दल, स्थानीय विधायक और मंत्री आरोपियों को राजनीतिक संरक्षण देकर बचाने का प्रयास कर रहे हैं।
बच्ची की मौत पर न्याय मांग रहे परिवार पर दबाव बनाकर उन्हें कानून का भय दिखाया जा रहा है। उन्होंने चेतावनी दी है कि अपराधियों को संरक्षण देकर शहर का माहौल खराब करने का प्रयास बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।