कोटद्वार/दुगड्डा/लैंसडौन। क्षेत्र में चार दिनों से लगातार हो रही बारिश ने लोगाें की दुश्वारियां बढ़ा दी हैं। लोनिवि दुगड्डा और लैंसडौन की सड़कों पर पहाड़ी दरकने से भूस्खलन और भूधंसाव की घटनाएं बढ़ गई हैं। जिससे लोग अपने गांवों में कैद होकर रह गए हैं। लोनिवि दुगड्डा व लैंसडौन की सड़कों का सबसे बुरा हाल है। बृहस्पतिवार को कोटद्वार दुगड्डा के बीच पौड़ी-हाईवे थोड़ी देर के लिए बाधित रहा। एनएच खंड की ओर से सड़क पर आए मलबे को पोकलेन मशीन से हटाकर यातायात सुचारु करवा दिया गया। देर शाम तक मार्ग पर आवागमन जारी रहा।
बृहस्पतिवार को मलबा आने से लक्ष्मणझूला-दुगड्डा-धुमाकोट स्टेट हाईवे समेत दोनों खंडों के छह मोटर मार्गों पर आवाजाही बाधित रही। विभाग की ओर से जेसीबी मशीनें लगाकर बंद सड़कों को खोलने के प्रयास किए जा रहे हैं। ऐता-चरेख मोटर मार्ग पर आए मलबे को हटाकर लोनिवि दुगड्डा ने आवाजाही शुरू करा दी है, जिससे क्षेत्रवासियों ने राहत की सांस ली है। दुगड्डा की ब्लाॅक प्रमुख रुचि कैंतुरा ने बताया कि ग्रामीण अंचलों में भी बारिश से सड़कों को नुकसान पहुंचा है। लोनिवि को सड़क खोलने के लिए कहा गया है। लगातार बारिश होने से सड़कों को खोले रखना विभाग के लिए भी चुनौती बन गया है।
निर्माण खंड लोनिवि दुगड्डा के अंतर्गत मलबा आने लक्ष्मणझूला-दुगड्डा-धुमाकोट स्टेट हाईवे, सैंज चुब्याणी मोटर मार्ग, ऐता-चरेख मोटर मार्ग मलबा आने से आवाजाही बाधित रही। वहीं प्रांतीय खंड लोनिवि लैंसडौन के अंतर्गत चिनबौ संपर्क मोटर मार्ग, कठवाणा-खंसूली-खनेताखाल मोटर मार्ग पर भी मलबा आने से यातायात बाधित रहा। लोनिवि दुगड्डा के जेई अजय सैनी ने बताया कि ऐता-चरेख मोटर मार्ग पर तीन जगहों पर मलबा आने से बुधवार शाम से आवाजाही बाधित थी। बृहस्पतिवार को जेसीबी मशीनें लगाकर मलबे की सफाई कराकर दोपहर 12:30 बजे के बाद मार्ग को आवाजाही के लिए खोल दिया गया है।