कोटद्वार। रिखणीखाल के गुलदार प्रभावित गांव गुठेर्ता और कोटा तल्ला से दो गुलदार पकड़ने के बाद जहां वन विभाग और ग्रामीण मंगलवार दिन तक राहत महसूस कर रहे थे, वहीं शाम को एक और गुलदार दिखाई देने से लोग फिर से दहशत में आ गए। सोमवार रात को ट्रैंकुलाइज गुलदार पूरी तरह से स्वस्थ पाया गया है। उसके सैंपल जांच के लिए भारतीय वन्यजीव संस्थान भेजे गए हैं।
गढ़वाल वन प्रभाग के एसडीओ पवन नेगी ने बताया कि सोमवार रात को ट्रैंकुलाइज गुलदार का मेडिकल जांच करा लिया गया है। उसे भी पोखड़ा रेंज मुख्यालय में रखा गया है। यह गुलदार भी पहले वाले गुलदार की तरह करीब सात साल का नर है। उसके सैंपल भी जांच के लिए भेजे जा रहे हैं। वन विभाग को अभी भारतीय वन्यजीव संस्थान से पहले वाले गुलदार की जांच रिपोर्ट मिलने का इंतजार है। उधर, गुठेर्ता की प्रधान मीनाक्षी देवी और समाज सेवी मनोज सिंह नेगी ने बताया कि दो गुलदार पकड़े जाने के बाद से क्षेत्रवासियों ने राहत महसूस की है, लेकिन मंगलवार शाम को एक और गुलदार लोगों को दिखा है। जिससे लोग अभी तक पूरी तरह से दहशत से नहीं उबर पा रहे हैं। बताया कि गुठेर्ता में गुलदार को प्रेम सिंह की गोशाला के पास देखा गया है। इसके साथ ही बकरियां चुगाते समय मुन्नी देवी की बकरियों पर गुलदार ने झपट्टा मारने का प्रयास किया, लेकिन शोर सुनकर वह झाड़ियों में जा छिपा। एसडीओ ने बताया कि गांव में वन विभाग की टीम मौजूद है।