किशनपुर (कोटद्वार)। नगर निगम के बनने से उदयरामपुर नयाबाद वार्ड के लोगों को ऐतिहासिक कण्वाश्रम और इससे सटे वन विभाग के मालिनी मृग विहार के विकास की उम्मीद जग गई है। वन सीमा से सटे इस क्षेत्र में जहां बरसात से क्षतिग्रस्त मवाकोट-कलालघाटी मार्ग की सुध न लिए जाने से लोग परेशान हैं, वहीं वे वन्यजीवों और बाढ़ से सुरक्षा के लिए योजनाएं बनाने की मांग कर रहे हैं।
नवसृजित नगर निगम कोटद्वार के वार्ड नंबर-34 उदयरामपुर नयाबाद में क्षेत्र के चार राजस्व गांव भीमसिंहपुर, चौकीघाटा, उदयरामपुर नयाबाद व मानपुर को शामिल किया गया है। भीमसिंहपुर, चौकीघाटा, उदयरामपुर नयाबाद जहां अब तक पृथक ग्राम पंचायत भीमसिंहपुुुर के रूप में वजूद में था, वहीं मानपुर ग्राम पंचायत लछमपुर का हिस्सा रहा है। वर्तमान में इस वार्ड की आबादी करीब 3500 है, जिसमें 1078 पुरुष और 1068 महिला मतदाता हैं।
स्थानीय निवासी दिनेश गौड़, अशोक गौड़, वाणी विलास देवलियाल, श्याम सुंदर कंडवाल, मंजू देवी, दीपक डबराल, महेंद्र सिंह व सरोज देवी का कहना है कि वार्ड एक ओर से लैंसडौन वन प्रभाग के जंगलों से सटा है। ज्यादातर लोग खेती करते हैं। आबादी में जंगली जानवरों की धमक बनी रहती है। बरसाती नालों से हर बरसात में बाढ़ और भूकटाव होता है। वार्ड की मुख्य सड़कें पूरी तरह क्षतिग्रस्त हैं। कलालघाटी से मवाकोट को जाने वाला पुराना हरिद्वार मार्ग पिछले वर्ष की आपदा के दौरान क्षतिग्रस्त हो गया था। सड़क पैदल चलने लायक तक नहीं रह गई है। यहां पौराणिक स्थल कण्वाश्रम और मालिनी डियर पार्क वार्ड की शान हैं। लोग प्रत्याशियों की छवि और कर्मठता की पड़ताल कर ही उन्हें वोट देने की बात कर रहे हैं।
ये हैं पार्षद प्रत्याशी
विवेक-कांग्रेस
मनीष कुमार-भाजपा
जगेंद्र-निर्दलीय
गौतम सिंह-निर्दलीय
दीपाली-निर्दलीय
वार्ड नंबर-34 की भौगोलिक सीमाएं
पूरब दिशा में-मालन नदी।
पश्चिम में-उदयरामपुर एवं वन विभाग की सीमा।
उत्तर दिशा में-वन विभाग के जंगल।
दक्षिण में-त्रिलोकपुर और कलमगंज की सीमा।
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