बहादराबाद। केेंद्र और राज्य सरकार की नीतियों के खिलाफ धरना सभा के बहाने बहुजन समाज पार्टी ने अपनी ताकत का अहसास कराया। पार्टी के कई बड़े नेताओं के नेतृत्व में बड़ी संख्या में पहुंचे कार्यकर्ताओं ने केंद्र और राज्य सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। बसपा ने 19 सूत्री मांग पत्र भी दोनों सरकारों को भेजा। मांग पत्र पर कार्रवाई न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी। इस अवसर पर कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव और प्रदेश प्रभारी नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने कहा कि केंद्र में भाजपा जिन वादों के बल पर सत्ता में आई थी उनमें से एक भी पूरा नहीं हुआ।
बृहस्पतिवार को गंगनहर के किनारे आयोजित धरना सभा को संबोधित करते हुए बसपा के राष्ट्रीय महासचिव और प्रदेश प्रभारी नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने कहा कि अच्छे दिन लाने का दावा करने वालों के अपने तो अच्छे दिन आ गए लेकिन और किसी के हिस्से में कुछ नहीं आया। उन्होंने कहा कि बसपा हर वर्ग की हितैषी है। जब भी बसपा की सरकार बनी हर वर्ग के लिए कल्याणकारी योजनाएं चलाई गई । आज किसानों को न गन्ने का भुगतान मिल रहा है और न बर्बाद हुई फसलों का मुआवजा। देश में हिंदू-मुस्लिम के बीच मतभेद पैदा किए जा रहे हैं। ऐसा तभी होता है जब गैर बसपाई दल सत्ता में आते हैं। उन्होंने कहा कि सपा की सरकार के कार्यकाल में यूपी में सैकड़ों दंगे हो चुके हैं लेकिन बसपा के समय में कभी ऐसा नहीं हुआ। उन्होंने कार्यकर्ताओं से वर्ष 2017 में होने वाले विधानसभा और पंचायत चुनाव के लिए तैयार रहने का आह्वान किया। यूपी के एमएलसी प्रदीप जाटव प्रशांत गौतम और ऋषिपाल गौतम ने भी बसपा को हर वर्ग की हितैषी बताया। प्रदेश अध्यक्ष सतीश कुमार ने राज्य सरकार पर किसानों की उपेक्षा करने का आरोप लगाया। पूर्व विधायक मौहम्मद शहजाद ने कहा कि राज्य सरकार मनमानी पर उतर आई है। उन्होंने कहा कि जनता जिला पंचायत चुनाव और विधानसभा चुनावों में कांग्रेस और भाजपा दोनों को सबक सिखाएगी। जिलाध्यक्ष मदनपाल, राव इरशाद, ज्वालापुर विधानसभा क्षेत्र के संयोजक मुल्कीराज, खानपुर के संयोजक मुफ्ती रियासत, इरफान भट्टी, जयंत चौहान, कोटद्वार की नगर पालिकाध्यक्ष रश्मि राणा, लोकसभा कोर्डिनेटर अश्वनी कुमार, अनिरुद्घ वर्मा, धीरेंद्र, राशिद अली, राजेंद्र और हरपाल समेत बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।