हरिद्वार। उल्हासनगर महाराष्ट्र में स्थित सिंधी समाज की प्रमुख गद्दी वशण शाह दरबार की ओर से आयोजित आध्यात्मिक समारोह झूलन जी मौज के अंतर्गत बुधवार की रात हरिद्वार में गंगा किनारे वीआईपी घाट पर आध्यात्मिक दरबार सजाया गया।
देर रात तक चली भजन संध्या में देश के विभिन्न राज्यों से आए श्रद्धालुओं ने सांई परमानंद साहिब से आशीर्वाद प्राप्त किया। श्रद्धालु प्रिंस कालीराम साहिब के भजनों पर देर रात तक झूमते रहे। सिंधी समाज के कई धर्म गुरु भी इस दौरान मौजूद रहे। हर साल की तरह वशण शाह दरबार की ओर से हरिद्वार में मनाया जाने वाला उत्सव झूलन दी मौज बुधवार की रात शुरू हुआ। इस अवसर पर श्रद्धालुओं को आशीर्वाद देते हुए धर्मगुरु सांई परमानंद साहिब ने लोगों को मानवता और भाईचारे का संदेश दिया। उन्होंने सभी से सत्मार्ग पर चलने और मानवता को बढ़ावा देने के लिए काम करने का आह्वान किया। आयोजन में भाग लेने के लिए यूपी, उत्तराखंड, महाराष्ट्र, झारखंड, बिहार, राजस्थान, हरियाणा, दिल्ली से अनेक श्रद्धालु हरिद्वार पहुंचे हैं। कानपुर से आए श्रद्घालु अमित खत्री और गौरव बजाज ने बताया कि दो दिन के आयोजन में भगवान झूलेलाल के प्रतीक स्वरूप जिसे बहराणा साहिब के नाम से जाना जाता है, कि पालकी निकाली जाती है। बृहस्पतिवार को यह पालकी शिवमूर्ति से हरकी पैड़ी तक निकाली जाएगी। इस दौरान विजय खत्री, भरत मेघानी, सचिन पटोदी, महेंद्र पगनानी, रवि बदलानी, घनश्याम छावड़ा, अमर लुंड, शंकर शेरी समेत बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।