- कृषि विज्ञान केंद्र धनौरी के प्रभारी ने किसानों को दी बोआई से पहले सावधानी बरतने की सलाह
डॉ. हर्ष सैनी
धनौरी। गेहूं की बेहतर पैदावार के लिए किसानों को गुणवत्तापूर्ण बीजों का चयन करने के साथ समय पर बोआई, बीज उपचार और मिट्टी की जांच पर विशेष ध्यान देना चाहिए। कृषि विज्ञान केंद्र धनौरी के प्रभारी डॉ. पुरुषोत्तम कुमार ने किसानों को फसल की बोआई से पहले जरूरी सावधानियां बरतने की सलाह दी है।
उन्होंने बताया कि गेहूं की बुवाई में देरी होने से फसल को पकने के समय अधिक तापमान का सामना करना पड़ सकता है। इससे दानों के विकास और उत्पादन पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। किसानों को क्षेत्र की परिस्थितियों के अनुसार अनुशंसित समय पर बोआई करनी चाहिए।
बीज और मिट्टी से फैलने वाले रोगों से बचाव के लिए बोआई से पहले बीजों का उपचार भी जरूरी है। डॉ. पुरुषोत्तम कुमार ने कहा कि अधिक बीज डालने से उत्पादन बढ़ने की गारंटी नहीं होती। बीज की मात्रा किस्म और बुवाई की विधि के अनुसार निर्धारित करनी चाहिए।
साथ ही, खाद और उर्वरकों के संतुलित इस्तेमाल के लिए मिट्टी की जांच करानी चाहिए। उन्होंने किसानों को सलाह दी कि बीज खरीदते समय किस्म, अंकुरण क्षमता, टैग और पैकिंग संबंधी जानकारी की जांच जरूर करें। अपने क्षेत्र के अनुकूल अनुशंसित किस्म का चयन कर वैज्ञानिक तरीके से खेती करने पर बेहतर पैदावार प्राप्त की जा सकती है। संवाद