हरिद्वार। ज्वालापुर कोतवाली क्षेत्र में जादू का खेल दिखाने के बहाने एक परिवार को सम्मोहित कर 9.30 लाख रुपये हड़पने का मामला सामने आया है। पुलिस ने पीड़ित महिला की शिकायत पर तीन आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी सहित संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर ली है।
पुलिस के अनुसार, संतरी निवासी लाल मंदिर कॉलोनी ज्वालापुर ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि वह मेहनत मजदूरी और ठेली लगाकर अपने परिवार का पालन-पोषण करती हैं। उनके दो पुत्र वरदान और सिद्धार्थ अशिक्षित हैं। दो वर्ष पूर्व उनके पति राधेश्याम का निधन हो चुका है। पति के जीवनकाल से ही गुलाम निवासी अब्दुल्लापुर, मेरठ यूपी का उनके घर आना-जाना था। 26 जनवरी को गुलाम अपने साथी बाबू और गगन के साथ उनके घर पहुंचा। तीनों खुद को जादू का खेल दिखाने वाला बताते थे। उन्होंने उसे और दोनों पुत्रों को अपने प्रभाव में लेकर नोट बनाने की मशीन और कागज होने का झांसा दिया। कच्चा माल और मशीन लाने के नाम पर रुपये मांगने शुरू कर दिए।
आरोप है कि सम्मोहित होकर महिला के पुत्र उनकी की बातों में आ गए और अलग-अलग तारीखों में कुल 9.30 लाख रुपये नकद और ऑनलाइन माध्यम से दे दिए। 30 जनवरी की रात जटवाड़ा पुल पर 4.30 लाख रुपये नकद दिए गए, जबकि 31 जनवरी की रात 3 लाख रुपये घर से ले लिए गए। इसके अलावा 1.30 लाख से अधिक की रकम विभिन्न लोगों के माध्यम से एक यूपीआई आईडी पर ट्रांसफर की गई। पीड़िता ने बताया कि उसने भी बच्चों के भविष्य के लिए अपने जेवर बेचकर और रिश्तेदारों से उधार लेकर तीन लाख रुपये दिए थे। शेष धनराशि बेटों ने परिचितों से उधार लेकर जुटाई। आरोप है कि गुलाम, गगन और बाबू ने फोन उठाना बंद कर दिया। तब बेटों ने मां को पूरी घटना बताई। कोतवाली प्रभारी कुंदन सिंह राणा ने बताया कि इस संबंध में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। मामले की जांच की जा रही है।