रुड़की के लालवाला
मजबता गांव में संदिग्ध परिस्थितियों में एक रिटायर्ड रेंजर की पिस्टल से
निकली गोली ग्रामीण को जा लगी। गोलीकांड ग्राम प्रधान की बैठक पर होने की
खबर पर पुलिस गांव में दौड़ पड़ी। लेकिन, इससे पहले ही घायल को गुप्त जगह
ले जाकर इलाज शुरू करा दिया गया। पुलिस देर शाम तक ग्रामीण व प्रधान पक्ष
के लोगों की तलाश में जुटी थी।
बंदरजूड निवासी वहीद पुत्र फक्कर बुधवार
को लालवाला मजबता गांव गया था। बताया जा रहा है कि ग्राम प्रधान की बैठक पर
वन विभाग का एक रिटायर्ड रेंजर भी मौजूद थे। यहां संदिग्ध परिस्थितियों
में रिटायर्ड रेंजर की पिस्टल से गोली चल गई।
लहूलुहान वहीद को रिटायर्ड
रेंजर व प्रधान अपने परिजनों के साथ रुड़की की ओर लेकर दौड़े। सूचना पर
बुग्गावाला एसओ भगवान मेहर टीम सहित गांव पहुंचे। लेकिन, पुलिस को कोई भी
सही जानकारी देने को तैयार नहीं हुआ।
इतना ही नहीं रुड़की में बताए गए
नर्सिंग होम में भी पुलिस को कोई नहीं मिला।
गोलीकांड के पीछे खनन से लेकर
ठेकेदारी जैसा कारोबार का कारण होने की चर्चाएं होती रही। वहीं गुपचुप इलाज
कराने को लेकर भी तमाम सवाल उठे। सीओ मंगलौर प्रताप सिंह चौहान ने बताया
कि गोली चलने की सूचना पर बुग्गावाला पुलिस गांव पहुंची थी। लेकिन, घायल
ग्रामीण के बारे में कोई जानकारी नहीं मिल पा रही है।