भगवानपुर। विकासखंड के हकिमपुर तुर्रा गांव में जमीन को धोखे से बेचने और लाखों रुपये के पेड़ों को स्टांप में नहीं दर्शाने की जांच तहसील प्रशासन ने शुरू कर दी है। जांच टीम ने पाया कि जिस जमीन का बिना पेेड़ों की दिखाकर बैनामा किया गया था उसमें लाखों रुपये के पोपुलर के पेड़ खड़े हैं।
जानकारी के अनुसार हकिमपुर तुर्रा के संजय कुमार ने एडीएम वित्त हरिद्वार से शिकायत की थी कि उसके तीन भाइयों ने उनकी पैतृक संपत्ति लगभग 73 बीघा जमीन किसी व्यक्ति को बेच दी है। इसमें से करीब 35 बीघा जमीन पर पोपुलर के पेड़ खड़े हैं। पेड़ों की संख्या सैकड़ों में और इनकी कीमत लाखों रुपये है लेकिन बैनामे में इन पेड़ों को नहीं दिखाया गया है जिससे लाखों रुपये की स्टांप डयूटी की चोरी हुई है। खेतों में खड़े पेड़ों को काटकर सबूत मिटाने की कोशिश की जा रही है। शिकायत के बाद एडीएम वित्त ने पुलिस को यथास्थिति बनाए रखने और एएसडीएम को जांच के निर्देश दिए थे। शुक्रवार को एएसडीएम कृष्ण कुमार मिश्रा, चकबंदी लेखपाल, यशपाल चौहान, वन विभाग के वन दरोगा धर्मपाल ने मौके पर पहुंचकर जांच की। जांच के दौरान करीब पैंतीस बीघा जमीन पर पोपुलर के पेड़ खड़े मिले। एएसडीएम कृष्ण कुमार मिश्रा ने बताया कि अभी जांच चल रही है। जमीन में खड़े पेड़ों की कीमत का आंकलन राजस्व विभाग और वन विभाग की टीम संयुक्त रूप से कर रही है। जांच पूरी होने के बाद रिपोर्ट एडीएम वित्त को भेजी जाएगी।