भारतीय किसान यूनियन (अ) के राष्ट्रीय अध्यक्ष ऋषिपाल अंबावता ने कहा कि केंद्र सरकार किसान विरोधी है। उन्होंने कहा कि किसान लगातार आत्महत्या कर रहे हैं। पूंजीपति षड्यंत्र के तहत करोड़ों रुपया एकत्र कर देश छोड़कर भाग रहे हैं।
शंकर आश्रम के पास एक होटल में पत्रकारों से बातचीत में ऋषिपाल अंबावता ने आत्महत्या करने वाले किसानों के परिवारों को 10-10 लाख मुआवजा देने की मांग की। ऋषिपाल अम्बावता ने कहा कि 20 अप्रैल को दिल्ली में सरकार के खिलाफ किसानों के आंदोलन को सफल बनाने के लिए देश के कोने-कोने से किसान एकजुट होंगे। उन्होंने अन्य राजनीतिक दलों से भी 20 अप्रैल के आंदोलन में शामिल होने की अपील की। ऋषिपाल अंबावता ने कहा कि किसानों के कर्ज माफ नहीं किए जा रहे हैं। 20 अप्रैल का यह आंदोलन सरकार के खिलाफ आर-पार की निर्णायक लड़ाई सिद्ध होगा। उन्होंने कहा कि 2019 के लोकसभा चुनाव में भाजपा को पराजय का सामना करना पड़ेगा। अच्छे दिनों की बात करने वाली सरकार किसानों के अच्छे दिन नहीं ला पाई है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड के किसानों के गन्ने का बकाया भुगतान को लेकर सरकार की उदासीनता साफ दिख रही है। इस अवसर पर जगपाल सिंह, संदीप प्रधान, लाखन सिंह, सतपाल नांरग, प्रेम सिंह, मदन सिंह, भारतपाल भाटी, राजदीप मैनवाल आदि शामिल रहे।