पथरी। रानीमाजरा के निकट खनन के खिलाफ कार्रवाई के लिए पहुंचे एक अधिकारी पर चालक ने खनन से भरे डंपर को चढ़ाने का प्रयास किया। हालांकि अधिकारी ने किसी तरह फुर्ती दिखाकर अपनी जान बचाई। हैरत इस बात की है कि तमाम प्रशासनिक कर्मचारियों की मौजूदगी के बीच अधिकारी पर डंपर चढ़ाने का प्रयास किया गया, लेकिन अधिकारी ने किसी से लिखित शिकायत नहीं की। इस दौरान छापेमारी में टीम ने दो जेसीबी और एक डंपर भी सीज किया है।
गौरतलब है कि शनिवार की रात राजस्व विभाग की एंटी माइनिंग टीम को रानीमाजरा में खनन होने की सूचना मिली। सूचना मिलने पर एसडीएम कुसुम चौहान के निर्देश पर टीम रानीमाजरा के निकट बाण गंगा में छापा मारने पहुंची। मौके पर टीम ने पाया कि जेसीबी से बड़े स्तर पर खनन किया जा रहा था। खनन सामग्री डंपर, ट्रक व ट्रैक्टर ट्रालियों से स्टोन क्रेशरों में लाई जा रही थी। टीम ने खनन होने वाले स्थान पर घेराबंदी कर दी। प्रशासनिक टीम को देखकर खनन करने वालों में हड़कंप मच गया। लोग अपने वाहन लेकर मौके से भागने लगे। कुछ लोग अंधेरे का फायदा उठाकर अपने वाहन मौके पर ही छोड़कर फरार हो गए। टीम ने इस दौरान मौके से दो जेसीबी और एक डंपर अपने कब्जे में ले लिया।
चर्चा है कि टीम को देखकर जिस समय चालक अपने वाहन लेकर भाग रहे थे, उस दौरान टीम में शामिल एक अधिकारी ने एक डंपर को रोकने का प्रयाय किया। मगर चालक ने डंपर रोकने की बजाए अधिकारी पर चढ़ाने का प्रयास किया। किसी तरह अधिकारी ने डंपर से आगे से कूदकर अपनी जान बचाई। इसके बाद चालक डंपर लेकर मौके से फरार हो गया। हैरत इस बात की है कि घटना के बारे में पीड़ित अधिकारी कुछ बोलने तक को तैयार नहीं है। वहीं मामले में तहसीलदार आशीष घिडिल्याल का कहना है कि उन्हें रात में मारी गई छापेमारी में दो जेसीबी और एक डंपर सीज किया गया है। जिस जगह खनन किया गया है वहां गड्ढों की पैमाइश की जाएगी। वहीं अधिकारी पर डंपर चढ़ाए जाने को लेकर उनका कहना है कि इस तहर की उनके पास कोई जानकारी नहीं है। यदि किसी अधिकारी पर डंपर चढ़ाने का प्रयास किया गया है तो मामले की जांच कराई जाएगी।