राजकीय पीजी कॉलेज में छात्र-छात्राओं को मनचाहे विषयों में प्रवेश नहीं मिलने पर छात्र नेता भड़क गए हैं। उन्होंने कॉलेज को अनिश्चितकालीन के लिए बंद कर दिया। शुक्रवार को छात्रसंघ अध्यक्ष विवेक सिंह पुजारी के नेतृत्व में छात्रों ने प्राचार्या के माध्यम से कुमाऊं विश्वविद्यालय के कुलपति को ज्ञापन भेजा।
ज्ञापन में कहा गया है कि जिन छात्रों ने इंटर तक जो विषय नहीं पढ़ा है, उन विषयों को कॉलेज प्रशासन लेने को मजबूर कर रहा है। इससे छात्र-छात्राओं के भविष्य के साथ सीधे खिलवाड़ होगा। छात्रों ने चेतावनी दी कि जब तक कॉलेज में व्यवस्थाएं ठीक नहीं होती, वे कॉलेज को नहीं खुलने देंगे। इससे पूर्व हुई गोष्ठी में छात्र-छात्राओं की समस्याओं को लेकर चर्चा की गई। वक्ताओं का कहना था कि छात्र-छात्राओं को उनके मनमाफिक विषयों में प्रवेश नहीं मिलने से मायूसी है।
प्रदर्शन में इन छात्रों ने हिस्सा लिया
छात्रसंघ महासचिव पंकज पुजारी, पूर्व महासचिव इंदर ढेक, दीपक फत्र्याल, कमल कुल्याल, देवेंद्र बोहरा, प्रदीप कलौनी, रोबिन मेहता, अंकुर माहरा, राहुल जोशी, नीरज सक्टा, मनोज जोशी, रिंकु बोहरा, विमल सिंह माहरा, आकाश सार्की, दीपक तड़ागी, सूरज सामंत।
अदालत और विश्वविद्यालय के मानकों के अनुरूप प्रवेश दिए जा रहे हैं। अधिकांश छात्र राजनीति विज्ञान, हिंदी, इतिहास जैसे विषयों में प्रवेश चाह रहे हैं। राजनीति विज्ञान और हिंदी में 160 और इतिहास विषय में 80 सीटें निर्धारित हैं। मेरिट के आधार पर इन विषयों की सभी सीटें भरी जा चुकी है। इस कारण इन विषयों में प्रवेश देना मुमकिन नहीं है। विश्वविद्यालय से प्रवेश संबंधी नए आदेश आने के बाद अग्रिम कार्यवाही की जाएगी।
रितु मित्तल, प्राचार्या, पीजी कॉलेज, लोहाघाट।