वन्य जीव तस्करों के खिलाफ सफल अभियान चलाने पर चंपावत जिले की एसओजी और वन विभाग की संयुक्त टीम को 5500 रुपये के नकद पुरस्कार से नवाजा गया है। यह पुरस्कार वन्य जीव अपराध नियंत्रण ब्यूरो नई दिल्ली की ओर से चंपावत जिले की टीम को दिया गया है। चंपावत जिले में वन्य तस्करों के खिलाफ उत्कृष्ट कार्य करने वाली एसओजी की टीम को पुलिस उप महानिरीक्षक कुमाऊं परिक्षेत्र अजय रौतेला की ओर से 12500 रुपये के नकद इनाम का ऐलान पूर्व में ही किया था।
पुलिस अधीक्षक आरसी राजगुरु ने बताया कि इनाम पाने वालों में एसओजी टीम इंचार्ज सुरेंद्र सिंह खड़ायत, कांस्टेबल भुवन पांडेय, नवल किशोर, संजय दोसाद और दीपक प्रसाद के अलावा वन क्षेत्राधिकारी वीके मेहता, वन रक्षक भरत सिंह नेगी, रेवाधर जोशी और गिरीश जोशी शामिल हैं। उन्होंने बताया कि एसओजी और वन विभाग की टीम की ओर से चलाए गए विशेष चेकिंग अभियान में गोपनीय सूचना के आधार पर सीमांत मंच तामली क्षेत्र में वन्य जीव अंगों की तस्करी करने वाले अंतरराष्ट्रीय गिरोह के अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई की। संयुक्त कार्रवाई में 19 फरवरी को आरोपी होशियार सिंह निवासी सतकुला, थाना तामली से तेंदुए की तीन खालें बरामद की। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह तेंदुए को गोली मारकर उसकी खाल, अन्य अंगों और हड्डियों का व्यापार करता है। उसने यह तीन खालें बीते छह महीने में हासिल की थी। वह बीते दो साल से यह कार्य कर रहा था और नई दिल्ली में जाकर खालों को बेचता था। वन्य जीव तस्कर को दबोचने पर वन्य जीव अपराध नियंत्रण ब्यूरो ने एसओजी और वन विभाग की संयुक्त टीम की पीठ थपथपाई है।