चंपावत एनआईसी में प्रधानमंत्री मोदी की वीडियो कांफ्रेसिंग में मौजूद महिलाएं।
- फोटो : अमर उजाला
यहां ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (आरसेटी) में आयोजित एक कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उद्यमियों के साथ सीधा संवाद किया। उन्होंने वेबकास्ट और प्रोजेक्टर के जरिए स्वयं सहायता समूहों के सदस्यों के साथ ही आरसेटी से प्रशिक्षित उद्यमियों को वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से उद्यम लगाने के लिए प्रेरित किया।
उन्होंने कहा कि कौशल विकास का प्रशिक्षण हासिल करने के बाद उद्यम स्थापित कर स्वयं की आर्थिक उन्नति के साथ-साथ अन्य लोगों को रोजगार से जोड़ा जा सकता है। इसके लिए उद्यमियों को बैंकिंग सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। संस्थान के निदेशक जर्नादन चिलकोटी ने बताया कि ग्रामीण विकास मंत्रालय से प्राप्त दिशा निर्देशों के अनुरूप आरसेटी से प्रशिक्षित 35 प्रशिक्षणार्थियों को प्रतिभाग कराया गया।
उन्होंने प्रशिक्षणार्थियों से सीधा संवाद से सीख लेते हुए अपने उद्यम को बैंक ऋण के माध्यम से विस्तार देने को प्रेरित किया। कार्यक्रम में संस्थान के प्रकाश चंद्र, विजय सिंह लडवाल, राजेश पंत, महेंद्र सिंह पटवा, छवि दत्त पांडेय आदि भी मौजूद रहे।
गरीब ग्रामीण परिवारों के लिए मददगार है आजीविका मिशन
चंपावत। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि दीनदयाल अंत्योदय और राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन योजना को ग्रामीण गरीब परिवारों तक पहुंचाकर उन्हें आजीविका उपलब्ध कराने का अवसर प्रदान किया जा रहा है। प्रधानमंत्री मोदी बृहस्पतिवार को वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं रूबरू हुए। उन्होंने कहा कि देश के सभी राज्यों में प्रारंभ इन योजनाओं से महिलाओं के जीवन में सुधार लाने का काम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि महिला सशक्तिकरण तभी सार्थक होगा, जब वे आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर होंगी। वीडियो कांफ्रेंसिंग में मुख्य विकास अधिकारी एसएस बिष्ट, परियोजना निदेशक एचजी भट्ट, जिला विकास अधिकारी आरसी तिवारी के अलावा विभिन्न महिला स्वयं सहायता समूहों की महिलाएं मौजूद रही।